किसान नेता चौधरी भीमसेन की 102वीं जयंती पर एसकेआरएयू में पुष्पांजलि अर्पित कर याद किया संघर्षमयी जीवन


बीकानेर, 5 जनवरी। राजस्थान के कद्दावर किसान नेता चौधरी भीमसेन की 102वीं जयंती के अवसर पर सोमवार को स्वामी केशवानंद राजस्थान कृषि विश्वविद्यालय (SKRAU) में भव्य पुष्पांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया। विश्वविद्यालय के कुलगुरु डॉ. राजेंद्र बाबू दुबे सहित विभिन्न विभागों के डीन और डायरेक्टर्स ने ‘चौधरी भीमसेन किसान घर’ पहुंचकर उनकी प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित किए और उनके ऐतिहासिक योगदान को याद किया।


समारोह को संबोधित करते हुए कुलगुरु डॉ. दुबे ने कहा कि चौधरी भीमसेन का पूरा जीवन किसानों के उत्थान और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए समर्पित रहा। उन्होंने कहा कि चौधरी भीमसेन ने केवल राजनीति ही नहीं, बल्कि कृषि, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे बुनियादी क्षेत्रों में भी क्रांतिकारी कार्य किए। उनके संघर्षों की बदौलत ही मरुधरा के किसानों को नई पहचान और संबल मिला।


कृषि वैज्ञानिकों के लिए प्रेरणास्रोत
डॉ. दुबे ने उपस्थित कृषि वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं से आह्वान किया कि वे चौधरी भीमसेन के जीवन मूल्यों से प्रेरणा लें। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि वैज्ञानिक निष्ठा के साथ ऐसे अनुसंधान करें जो सीधे तौर पर किसानों की प्रगति और उनकी आय बढ़ाने में सहायक सिद्ध हों। विश्वविद्यालय प्रशासन ने इस अवसर पर किसानों के कल्याण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया।
वरिष्ठ अधिकारियों और स्टाफ की रही गरिमामय उपस्थिति
इस अवसर पर प्रसार शिक्षा निदेशक डॉ. दीपाली धवन, अनुसंधान निदेशक डॉ. विजय प्रकाश और छात्र कल्याण निदेशक डॉ. एच.एल. देशवाल ने भी अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम में सामुदायिक विज्ञान महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ. वीर सिंह, डॉ. पी.के. यादव, वी.एस. आचार्य, डॉ. आर.एस. राठौड़, इंजीनियर विपिन लड्ढा, डॉ. बी.डी.एस. नाथावत, डॉ. सीमा त्यागी, डॉ. अमिता शर्मा सहित विश्वविद्यालय के शैक्षणिक और गैर-शैक्षणिक स्टाफ ने भाग लेकर श्रद्धापूर्वक नमन किया।








