भारतीय पासपोर्ट में बड़ा बदलाव, अब मिलेगा चिप वाला e-Passport, जानें सुरक्षा फीचर्स और फीस


नई दिल्ली, 7 जनवरी। भारतीय नागरिकों के लिए अंतरराष्ट्रीय यात्रा अब और भी सुरक्षित और सुगम होने जा रही है। भारत सरकार ने ‘पासपोर्ट सेवा 2.0’ प्रोजेक्ट के तहत एक बड़ा कदम उठाते हुए अब सभी नए और रिन्यू होने वाले पासपोर्ट्स के लिए e-Passport (ई-पासपोर्ट) अनिवार्य कर दिया है। यह नया पासपोर्ट न केवल आधुनिक तकनीक से लैस है, बल्कि सुरक्षा के मामले में भी पुराने पासपोर्ट की तुलना में कई गुना अधिक प्रभावी है।


क्या है e-Passport और कैसे करेगा काम?
ई-पासपोर्ट देखने में पारंपरिक नीले पासपोर्ट की तरह ही है, लेकिन इसकी सबसे बड़ी खूबी इसके भीतर लगी इलेक्ट्रॉनिक स्मार्ट चिप है।


डिजिटल सुरक्षा: इस सूक्ष्म चिप में आवेदक की फोटो, उंगलियों के निशान (फिंगरप्रिंट्स) और अन्य व्यक्तिगत जानकारी डिजिटल रूप से एनक्रिप्टेड रहती है।
फर्जीवाड़े पर रोक: चिप के कारण पासपोर्ट में किसी भी तरह की छेड़छाड़ या नकली पासपोर्ट बनाना नामुमकिन हो जाएगा।
तेज इमिग्रेशन: विदेशी दौरों पर इमिग्रेशन काउंटर पर डेटा स्कैनिंग प्रक्रिया अब पहले से कहीं अधिक तेज होगी, जिससे यात्रियों का समय बचेगा।कितनी होगी फीस?
राहत की बात यह है कि सरकार ने तकनीक अपग्रेड करने के बावजूद फीस में कोई बढ़ोत्तरी नहीं की है। ई-पासपोर्ट की दरें सामान्य पासपोर्ट के समान ही रखी गई हैं: सामान्य पासपोर्ट श्रेणी की फीस (Normal) 36 पन्ने तत्काल फीस 1,500 रुपये ,तत्काल फीस (Tatkaal) 3,500 रुपये
60 पन्ने की फीस 2,000 रुपये , तत्काल फीस (Tatkaal)4,000 .
कैसे करें आवेदन?
ई-पासपोर्ट के लिए आवेदन की प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल है:
वेबसाइट: आधिकारिक पोर्टल passportindia.gov.in पर जाएं या ‘mPassport Seva’ ऐप डाउनलोड करें।
रजिस्ट्रेशन: अपनी आईडी बनाकर लॉग-इन करें और ‘Fresh Passport/Re-issue’ के विकल्प को चुनें।
अपॉइंटमेंट: फीस का भुगतान कर नजदीकी पासपोर्ट सेवा केंद्र (PSK) या पोस्ट ऑफिस पासपोर्ट सेवा केंद्र (POPSK) के लिए अपॉइंटमेंट बुक करें।
दस्तावेज: तय समय पर जाकर अपने दस्तावेजों का सत्यापन (Verification) करवाएं।
पात्रता और प्राथमिकता
ई-पासपोर्ट के लिए पात्रता के नियमों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। भारत का कोई भी नागरिक—चाहे वह नवजात हो या बुजुर्ग—इसके लिए आवेदन कर सकता है। विशेष रूप से 75 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को कतारों से राहत देने और सत्यापन प्रक्रियाओं में प्राथमिकता देने का प्रावधान जारी रहेगा।








