रामेश्वर डूडी की समाधि पर फफक पड़ीं नोखा विधायक, पहली बार सार्वजनिक रूप से दिखीं इतनी भावुक


बीकानेर, 17 जनवरी। राजस्थान की राजनीति के दिग्गज और कांग्रेस के कद्दावर नेता दिवंगत रामेश्वर डूडी की यादें आज एक बार फिर ताजा हो गईं। बीकानेर-नोखा मार्ग पर स्थित डूडी के समाधि स्थल पर जब उनकी पत्नी और नोखा विधायक सुशीला डूडी श्रद्धांजलि अर्पित करने पहुंचीं, तो वे अपने आंसू नहीं रोक पाईं। पुष्प अर्पित करते समय विधायक को फूट-फूटकर रोता देख वहां मौजूद कार्यकर्ताओं की आंखें भी नम हो गईं।


कार्यकर्ताओं के साथ पहुंची थीं श्रद्धांजलि देने
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को देहात कांग्रेस अध्यक्ष बिशनाराम सियाग और नोखा विधायक सुशीला डूडी एक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए बीकानेर से नोखा जा रहे थे। रास्ते में गंगाशहर से कुछ ही दूरी पर नेशनल हाईवे स्थित डूडी के अंतिम संस्कार स्थल पर उन्होंने अपने वाहन रुकवाए। जैसे ही विधायक ने समाधि की दीवार पर फूलों की माला रखी, वे अपने पति की यादों में खो गईं और फफक पड़ीं। साथ चल रही महिला कार्यकर्ताओं ने उन्हें संभाला, लेकिन काफी देर तक विधायक भावुक बनी रहीं।


सार्वजनिक रूप से पहली बार छलका दर्द
राजनीतिक हलकों में यह चर्चा का विषय रहा कि रामेश्वर डूडी के निधन के कठिन समय में भी सुशीला डूडी ने अदम्य साहस का परिचय दिया था और शोक संतप्त परिवार व कार्यकर्ताओं को ढांढस बंधाया था। यह पहला अवसर था जब वे सार्वजनिक रूप से अपने पति की याद में इतनी विचलित और भावुक नजर आईं।
भव्य समाधि स्थल का हो रहा निर्माण
देहात कांग्रेस अध्यक्ष बिशनाराम सियाग ने बताया कि जिस स्थान पर डूडी का अंतिम संस्कार किया गया था, वहां अब एक भव्य समाधि स्थल बनाया जा रहा है। परिसर की चारदीवारी का काम पूर्ण हो चुका है और जल्द ही यहां रामेश्वर डूडी की प्रतिमा (Statue) स्थापित की जाएगी। इस स्थल को एक प्रेरणा पुंज के रूप में विकसित किया जाएगा ताकि आने वाली पीढ़ियां उनके जनसेवा के कार्यों को याद रख सकें।








