बीकानेर में 5,000 कन्याओं के पूजन और महायज्ञ के साथ संपन्न हुआ नवरात्रा अनुष्ठान
बीकानेर में 5,000 कन्याओं के पूजन और महायज्ञ के साथ संपन्न हुआ नवरात्रा अनुष्ठान

- स्वामी विशोकानंद जी महाराज के सानिध्य में लिया गया राष्ट्र-सनातन सेवा का संकल्प
बीकानेर, 21 अक्टूबर। कन्या सुरक्षा, उत्थान, सशक्तिकरण और समाज में आपसी प्रेम व सौहार्द के पावन संदेश के साथ आयोजित नौ दिवसीय नवरात्रा अनुष्ठान बुधवार को महायज्ञ और 5,000 कन्याओं के पूजन के साथ श्रद्धा व उल्लासपूर्वक संपन्न हुआ। यह अनुष्ठान ‘भारतीय संस्कृति एवं सनातन जागृति महाअभियान’ के तहत भारतीय संस्कृति एवं सनातन सार्वभौम महासभा, सनातन सेवा ग्रुप तथा श्री विप्र महासभा के संयुक्त तत्वावधान में पं. योगेंद्र कुमार दाधीच की अगुवाई में आयोजित किया गया।


बुधवार को नगर सेठ श्री लक्ष्मीनाथ जी मंदिर स्थित चामुंडा माता मंदिर परिसर में भव्य पूर्णाहुति यज्ञ का आयोजन किया गया। मुख्य पुजारी श्याम देराश्री के सानिध्य तथा वैदिक विद्वानों के वेद मंत्रोच्चार के बीच श्रद्धालुओं ने आहुतियां दीं। दुर्गा नवमी के अवसर पर मुख्य अनुष्ठान निर्वाण पीठाधीश्वर महामंडलेश्वर राजगुरु स्वामी श्री विशोकानंद जी महाराज एवं कुरुक्षेत्र के स्वामी श्री तपेश्वरानंद जी महाराज के पावन सानिध्य में संपन्न हुआ। धनीनाथ गिरि मठ पंच मंदिर कोटगेट और चामुंडा माता मंदिर में संतों व अतिथियों ने कन्याओं का वैदिक रीति-रिवाज से पूजन कर उन्हें तिलक लगाया, रक्षासूत्र बांधा और मां सरस्वती की तस्वीरें, शैक्षणिक सामग्री (स्लेट, पोथी, कलम), फल व प्रसाद भेंट किए। स्वामी विशोकानंद जी महाराज ने कहा कि कन्याएं मां दुर्गा का जीवंत स्वरूप हैं, जिनके प्रति श्रद्धा से माता शीघ्र प्रसन्न होती हैं। इस दौरान राष्ट्र और सनातन सेवा का संकल्प भी दिलाया गया।




