राष्ट्रीय मंच पर बीकानेर का गौरव: बीटीयू के छात्र शिवांशु माथुर ने ‘राष्ट्रीय युवा संसद’ में निभाई कैबिनेट मंत्री की भूमिका
राष्ट्रीय मंच पर बीकानेर का गौरव: बीटीयू के छात्र शिवांशु माथुर ने 'राष्ट्रीय युवा संसद' में निभाई कैबिनेट मंत्री की भूमिका


बीकानेर, 19 फरवरी। बीकानेर तकनीकी विश्वविद्यालय (BTU) के विद्यार्थी शिवांशु माथुर ने नागपुर के ऐतिहासिक विधान भवन में आयोजित ‘चतुर्थ एनवायरनमेंट यूथ पार्लियामेंट-2026’ में विश्वविद्यालय का प्रतिनिधित्व कर राष्ट्रीय स्तर पर सफलता का परचम लहराया है। यूजीसी और मानव रचना यूनिवर्सिटी के सहयोग से आयोजित इस प्रतिष्ठित मंच पर शिवांशु ने देशभर के चुनिंदा युवा प्रतिनिधियों के बीच अपनी तार्किक क्षमता और नेतृत्व कौशल का प्रदर्शन किया।


कठिन चयन प्रक्रिया और कैबिनेट मंत्री की भूमिका
यूनिवर्सिटी पर्यावरण संरक्षण गतिविधि की कोऑर्डिनेटर डॉ. ममता शर्मा पारीक ने बताया कि यह उपलब्धि किसी चुनौती से कम नहीं थी। इस राष्ट्रीय स्पर्धा का सफर कई चरणों में तय हुआ:


बहुस्तरीय चयन: देशभर के 300 विश्वविद्यालयों के लगभग 50,000 विद्यार्थियों ने इस प्रतियोगिता में भाग लिया था।
सफर: कॉलेज राउंड, यूनिवर्सिटी राउंड और राज्यस्तरीय राउंड की कठिन कसौटियों को पार करने के बाद केवल 200 प्रतिभागियों को ही राष्ट्रीय स्तर (नागपुर) तक पहुँचने का गौरव प्राप्त हुआ।
महत्वपूर्ण जिम्मेदारी: शिवांशु माथुर को इस युवा संसद में रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय के कैबिनेट मंत्री की महत्वपूर्ण भूमिका निभाने का अवसर मिला, जहाँ उन्होंने राष्ट्रीय मुद्दों पर प्रभावशाली ढंग से अपने विचार प्रस्तुत किए।
कुलगुरु प्रो. अखिल रंजन गर्ग ने दी बधाई
बीटीयू के कुलगुरु प्रो. अखिल रंजन गर्ग ने शिवांशु की इस सफलता पर हर्ष व्यक्त करते हुए उसे अन्य विद्यार्थियों के लिए प्रेरणास्रोत बताया। उन्होंने कहा कि “राष्ट्रीय युवा संसद युवाओं में नेतृत्व क्षमता, तार्किक चिंतन और संवैधानिक मूल्यों के प्रति जागरूकता उत्पन्न करने का श्रेष्ठ माध्यम है। बीटीयू अपने विद्यार्थियों को केवल शैक्षणिक उत्कृष्टता ही नहीं, बल्कि सजग नागरिक बनाने के लिए भी निरंतर प्रतिबद्ध है।”
मार्गदर्शक टीम और प्रेरणा
शिवांशु ने इस सफलता का श्रेय अपने मार्गदर्शकों—डॉ. ममता शर्मा पारीक, डॉ. गायत्री शर्मा और डॉ. करणजीत कौर के कुशल निर्देशन को दिया है। शिवांशु ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर विभिन्न पृष्ठभूमि के युवाओं के साथ संवाद करने से उन्हें देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था और संसदीय परंपराओं को गहराई से समझने का अवसर मिला। जनसंपर्क अधिकारी विक्रम राठौड़ ने बताया कि इस उपलब्धि से विश्वविद्यालय परिवार में भारी उत्साह है।
