ऑस्ट्रेलिया के वैज्ञानिक ने सराहा विद्यार्थियों का कौशल, ए.आई. रोबोट और मंगलयान रहे आकर्षण का केंद्र
नालंदा स्कूल में विज्ञान का महाकुंभ


नालंदा स्कूल में विज्ञान का महाकुंभ


बीकानेर, 28 फरवरी 2026। राष्ट्रीय विज्ञान दिवस के अवसर पर शनिवार को नालंदा पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल के विज्ञान एवं करुणा क्लब के संयुक्त तत्वावधान में एक विशाल विज्ञान प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस प्रदर्शनी को अतिथियों ने ‘विज्ञान का महाकुंभ’ करार दिया, जहाँ नन्हे वैज्ञानिकों ने अपनी मेधा और नवाचार से आगंतुकों को अचंभित कर दिया।


दिग्गज वैज्ञानिकों और शिक्षाविदों का जमावड़ा
प्रदर्शनी का भव्य उद्घाटन ऑस्ट्रेलिया से पधारे वरिष्ठ भौतिक वैज्ञानिक ओ.के. हर्ष, डूंगर कॉलेज के प्राचार्य राजेंद्र पुरोहित, पूर्व रीजनल ऑफिसर (DST) सुनील बोड़ा, एसबीआई के पूर्व प्रबंधक चंद्रशेखर आचार्य, हिंदी विद्वान सोमनारायण पुरोहित, साहित्यकार मोहम्मद फारूख और रसायन विज्ञान व्याख्याता भरत व्यास ने किया।
145 मॉडल्स के जरिए दिखी भविष्य की झलक
प्रदर्शनी में शाला के 200 से अधिक विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
प्रमुख आकर्षण: विद्यार्थियों ने ए.आई. रोबोट, मंगलयान, चिपको आंदोलन, सौर ऊर्जा, गोबर गैस प्लांट, और ध्वनि से विद्युत संचालन जैसे 145 से अधिक मॉडल प्रदर्शित किए।
तकनीकी ज्ञान: शरीर की आंतरिक संरचना, प्रकाश संश्लेषण, और रासायनिक अभिक्रियाओं के जटिल सिद्धांतों को विद्यार्थियों ने इतने आत्मविश्वास के साथ समझाया कि मुख्य अतिथि ओ.के. हर्ष ने इसे वास्तविक ‘विज्ञान का महाकुंभ’ कहा। उन्होंने विद्यार्थियों को सी.वी. रमन के जीवन से प्रेरणा लेने का आह्वान किया।
विज्ञान: विकास का पर्याय, विनाश का नहीं
समारोह के दौरान अतिथियों ने विज्ञान के महत्व पर अपने विचार साझा किए:
प्राचार्य राजेंद्र पुरोहित ने विज्ञान को ‘जीने की कला’ बताते हुए कहा कि विज्ञान के बिना मनुष्य का विकास अधूरा है। सुनील बोड़ा ने न्यूटन की गति के नियमों से बच्चों में जोश भरा, वहीं चंद्रशेखर आचार्य ने भाप के इंजन के आविष्कार की रोचक कहानी सुनाई। सोमनारायण पुरोहित ने साहित्य और विज्ञान के समन्वय को जयशंकर प्रसाद की कविता के माध्यम से रेखांकित किया।
प्रतिभाओं और मार्गदर्शकों का सम्मान
शाला प्राचार्य राजेश रंगा ने अतिथियों का स्वागत करते हुए विद्यालय की गतिविधियों की जानकारी दी। इस सफल आयोजन के लिए प्रदर्शनी संयोजिका मीनाक्षी गौड़ और सुमन खुड़िया को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। साथ ही सहायक मार्गदर्शक हेमलता व्यास, प्रीति राजपूत और विज्ञान प्रभारी हनुमान छींपा का भी बहुमान किया गया। करुणा क्लब प्रभारी हरिनारायण आचार्य ने बताया कि इस प्रदर्शनी का अवलोकन शहर के गणमान्य शिक्षाविदों, अभिभावकों और अन्य विद्यालयों के शिक्षकों ने भी किया। कार्यक्रम के अंत में प्राचार्य राजेश रंगा ने सभी का आभार व्यक्त किया।
