पंचतत्व में विलीन हुईं वरिष्ठ कांग्रेस नेत्री सुषमा बारूपाल, राजनीतिक जगत में शोक की लहर
पंचतत्व में विलीन हुईं वरिष्ठ कांग्रेस नेत्री सुषमा बारूपाल, राजनीतिक जगत में शोक की लहर


बीकानेर, 17 फरवरी। राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी की वरिष्ठ सदस्य और खाजूवाला विधानसभा क्षेत्र से पूर्व कांग्रेस प्रत्याशी रहीं श्रीमती सुषमा बारूपाल का मंगलवार दोपहर नम आंखों के बीच अंतिम संस्कार किया गया। बीकानेर की राजनीति में एक मजबूत स्तंभ और पूर्व राज्यसभा सांसद स्व. जमुना बारूपाल की पुत्रवधू श्रीमती बारूपाल का सोमवार रात्रि हृदयाघात (Heart Attack) के कारण निधन हो गया था। दोपहर 12:30 बजे रथखाना स्थित उनके निवास स्थान से अंतिम यात्रा शुरू हुई, जिसमें शहर के प्रमुख राजनेता, कार्यकर्ता और आमजन भारी संख्या में शामिल हुए। दोपहर 1 बजे उनकी पार्थिव देह पंचतत्व में विलीन हुई। उनके पुत्र अरुण कुमार ने मुखाग्नि दी, इस भावुक क्षण के दौरान उनकी पुत्रियां भी साथ रहीं।


अंतिम विदाई में उमड़ा जनसैलाब
श्रीमती बारूपाल की अंतिम यात्रा में कांग्रेस के विभिन्न दिग्गज नेताओं ने शामिल होकर उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की। इनमें मुख्य रूप से शामिल रहे। शहर अध्यक्ष मदनगोपाल मेघवाल, पूर्व मंत्री वीरेंद्र बेनीवाल और पूर्व न्यास अध्यक्ष मकसूद अहमद। प्रदेश महासचिव जिया उर रहमान आरिफ, डेयरी अध्यक्ष नोपाराम जाखड़ और पूर्व संगठन महासचिव नितिन वत्सस। ब्लॉक अध्यक्ष सुमित कोचर, आनंद सिंह सोढा, महासचिव राहुल जादूसंगत और पूर्व पार्षद हजारीमल देवड़ा।


कांग्रेस संगठन के लिए अपूरणीय क्षति
श्रीमती सुषमा बारूपाल ने अपने राजनीतिक जीवन में कांग्रेस की विचारधारा को धरातल पर मजबूत करने के लिए निरंतर कार्य किया। संगठन में विभिन्न पदों पर रहते हुए उन्होंने महिला सशक्तीकरण और सामाजिक न्याय के मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। उनके निधन पर पूर्व कैबिनेट मंत्री डॉ. बी. डी. कल्ला, देहात अध्यक्ष बिशनाराम सियाग और यशपाल गहलोत सहित अनेक नेताओं ने शोक संवेदनाएं व्यक्त कीं।
नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि पार्टी ने एक कर्मठ, समर्पित और जुझारू नेत्री को खो दिया है। उनका जाना न केवल बारूपाल परिवार बल्कि बीकानेर जिला कांग्रेस और क्षेत्रीय राजनीति के लिए एक ऐसी क्षति है जिसे कभी भरा नहीं जा सकेगा।
