लकड़ी के अवैध परिवहन पर सख्त कार्रवाई के निर्देश


जिला कलेक्टर ने ‘ताल छापर पक्षी उत्सव’ की तैयारियों को लेकर की समीक्षा


चूरू, 09 जनवरी। जिला कलेक्टर अभिषेक सुराणा ने वन विभाग की कार्यप्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक ली। बैठक के दौरान कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जिले में लकड़ी के अवैध परिवहन पर अंकुश लगाने के लिए वन विभाग पुलिस प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित कर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करे। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण पर जोर देते हुए कहा कि वन क्षेत्र को बढ़ाने के लिए विभाग को एकीकृत प्रयास करने होंगे।


कलेक्टर सुराणा ने नर्सरियों में खेजड़ी के पौधरोपण को विशेष बढ़ावा देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आगामी मानसून के दौरान अधिक से अधिक पौधरोपण हो सके, इसके लिए अभी से नर्सरियों में स्वस्थ पौध तैयार की जाए। साथ ही, उन्होंने मृत पौधों के स्थान पर नए पौधे लगाने (Gap Filling) के कार्य को प्राथमिकता देने को कहा। बैठक में ताल छापर पक्षी उत्सव—2026 के सफल आयोजन को लेकर की जा रही तैयारियों की भी विस्तृत समीक्षा की गई और आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।
कृष्ण मृगों का ट्रांसलोकेशन और नवाचारों पर चर्चा
बैठक में ताल छापर अभयारण्य से जसवंतगढ़ में कृष्ण मृगों (Blackbucks) के सुव्यवस्थित ट्रांसलोकेशन की प्रक्रिया पर भी चर्चा हुई। कलेक्टर ने पंच गौरव योजना के अंतर्गत प्रस्तावित कार्ययोजना, अनुमोदित कार्यों के टेंडर जारी करने और कार्यादेश देने की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वन विभाग नए नवाचारों के माध्यम से जिले की पारिस्थितिकी को बेहतर बनाने की दिशा में कार्य करे।
बैठक में मौजूद अधिकारी
बैठक का संचालन डीएफओ (DFO) भवानी सिंह ने किया, जिन्होंने विभाग की वर्तमान गतिविधियों और भविष्य की योजनाओं की विस्तृत रूपरेखा प्रस्तुत की। इस अवसर पर एसीएफ (ACF) महेन्द्र लेखाला, क्रांति सिंह, मनीष और रेंजर उमेश बागोतिया सहित विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।








