‘जय भास्कर’ के उद्घोष से गूंजा परकोटा, शाकद्वीपीय समाज ने निकाली भगवान सूर्य की शाही रथयात्रा, विभूतियों का हुआ सम्मान
'जय भास्कर' के उद्घोष से गूंजा परकोटा,


बीकानेर, 25 जनवरी। प्रत्यक्ष देव भगवान सूर्यनारायण की आराधना के महापर्व ‘सूर्य सप्तमी’ के अवसर पर रविवार को बीकानेर का प्राचीन परकोटा भक्ति और संस्कृति के अनूठे रंग में रंगा नजर आया। शाकद्वीपीय मग ब्राह्मण समाज द्वारा आयोजित भव्य रथयात्रा में परंपरा, आधुनिकता और सामाजिक एकजुटता का अद्भुत संगम देखने को मिला।


सजीव झांकियां और ऊंट-घोड़ों का लवाजमा
रवि रश्मि युवा संगठन के प्रणव भोजक ने बताया कि रथयात्रा का शुभारंभ सुबह श्रीलक्ष्मीनाथजी मंदिर से हुआ। भगवान भास्कर के रथ के आगे ऊंटों और घोड़ों पर पारंपरिक साफा पहने बच्चे और युवा सवार थे। शोभायात्रा में इस बार महादेव, गणेश जी और अन्य देवी-देवताओं की मनमोहक सजीव झांकियां विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं। चूड़ी बाजार, भट्टड़ों का चौक, जसोलाई और बड़ा बाजार जैसे मुख्य मार्गों पर डांडियों की खनक और ढोल-ताशों की थाप ने उत्सव के उत्साह को दोगुना कर दिया।


जगह-जगह पुष्पवर्षा और सामूहिक पूजन
यात्रा के दौरान पूरे मार्ग में सैकड़ों स्थानों पर सामाजिक बंधुओं ने भगवान सूर्य का पूजन किया और पुष्पवर्षा कर रथयात्रा का स्वागत किया। राजस्थान प्रांतीय शाकद्वीपीय ब्राह्मण महासभा के अध्यक्ष गणेशदास सेवग ने बताया कि जसोलाई तलाई पर महासभा द्वारा भव्य स्वागत किया गया। समाज के लोगों ने सामूहिक सूर्य यज्ञ में आहुतियां देकर विश्व कल्याण और आरोग्य की कामना की।
प्रतिभाओं और समाजसेवियों का अभिनंदन
शोभायात्रा के समापन के पश्चात श्री लक्ष्मीनाथ मंदिर परिसर में एक गरिमामय अभिनंदन समारोह आयोजित किया गया। महासचिव राजेश शर्मा के अनुसार, कार्यक्रम में समाज की विभिन्न विभूतियों को उनकी सेवाओं और उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया गया।
प्रमुख अतिथि: गंगानगर मजिस्ट्रेट अजय भोजक, बजरंगलाल सेवग, और बलदेव शर्मा सहित अन्य वरिष्ठ जन उपस्थित रहे।
सम्मानित विभूतियां: गणेश दास सेवग, शिवचन्द भोजक, बसन्त सेवग, राजेन्द्र भोजक, राधेश्याम भोजक, सुहानी शर्मा और चार्वी भोजक सहित अनेक हस्तियों को स्मृति चिह्न प्रदान किए गए।
कार्यक्रम को सफल बनाने में बजरंग शर्मा, शंकर सेवग, मनोज शर्मा और विकास शर्मा सहित कार्यकारिणी के समस्त सदस्यों का सक्रिय सहयोग रहा।
