रबी सीजन में 5.75 लाख हेक्टेयर में होगी बुवाई, पर्याप्त यूरिया और डीएपी उपलब्ध
रबी सीजन में 5.75 लाख हेक्टेयर में होगी बुवाई, पर्याप्त यूरिया और डीएपी उपलब्ध

- कृषि विभाग ने शुरू किया गुण नियंत्रण अभियान
बीकानेर, 13 अक्टूबर । जिले में रबी सीजन 2026 के दौरान कुल 5.75 लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल में विभिन्न फसलों की बुवाई के लक्ष्य कृषि आयुक्तालय से प्राप्त हो चुके हैं। सिंचित क्षेत्र में उपलब्ध जल की मात्रा को देखते हुए निर्धारित बुवाई क्षेत्रफल से अधिक भी बुवाई होने की संभावना जताई गई है।


संयुक्त निदेशक (कृषि) मदनलाल ने जानकारी देते हुए बताया कि इस वर्ष रबी सीजन में प्रमुख फसलों के निम्नलिखित लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं। सरसो: 1.90 लाख हेक्टेयर, चना: 1.50 लाख हेक्टेयर, गेहूं: 1.20 लाख हेक्टेयर, तारामीरा: 20 हजार हेक्टेयर, जौ: 15 हजार हेक्टेयर, जीरा, मेथी, ईसबगोल इत्यादि: 80 हजार हेक्टेयर


उर्रवरों की पर्याप्त उपलब्धता और किसानों को राहत
वर्तमान में रबी सीजन में बुवाई की प्रारंभिक अवस्था चल रही है। जिले में उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है, जिससे किसानों को किसी भी प्रकार की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है। वर्तमान में जिले में निम्नलिखित उर्वरक उपलब्ध हैं- यूरिया: 11,559 मीट्रिक टन, डीएपी: 1,899 मीट्रिक टन, एसएसपी: 4,355 मीट्रिक टन, एनपीके: 1,675 मीट्रिक टन, एमओपी: 587 मीट्रिक टन
ऑनलाइन मॉनिटरिंग और विशेष गुण नियंत्रण अभियान
कृषि आयुक्त नरेश कुमार गोयल के निर्देशों के तहत जिले के समस्त कृषि आदान निरीक्षकों द्वारा ‘राज एग्री क्यूसी ऐप’ (Raj Agri QC App) के माध्यम से उर्वरकों का ऑनलाइन निरीक्षण किया जा रहा है।
उद्यान विभाग के सहायक निदेशक मुकेश गहलोत ने बताया कि उर्वरकों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने और अनियमितताओं पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए कृषि विभाग द्वारा विशेष ‘रबी गुण नियंत्रण अभियान’ चलाया जा रहा है। कृषि आदान निरीक्षकों द्वारा औचक निरीक्षण किए जा रहे हैं। उर्वरकों के साथ अन्य उत्पादों की टैगिंग (Tagging) करने पर सख्त पाबंदी है। यदि किसी आदान विक्रेता स्तर पर अनियमितता पाई जाती है, तो नियमानुसार उनके विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।

