वृंदावन में संपन्न हुआ सौर धर्म यज्ञ महोत्सव, बीकानेर के आर के शर्मा ‘सौर धर्म रत्न’ से सम्मानित
वृंदावन में संपन्न हुआ सौर धर्म यज्ञ महोत्सव, बीकानेर के आर के शर्मा 'सौर धर्म रत्न' से सम्मानित


वृंदावन/बीकानेर, 17 मार्च । पावन धाम वृंदावन में दो दिवसीय ‘मग धर्म संसद’ और ‘सौर धर्म यज्ञ महोत्सव’ श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न हुआ। पीआरसी द्वारा आयोजित इस महोत्सव का संयोजन शैलेश पाठक ने किया, जिसमें देश के विभिन्न राज्यों से आए सौर धर्म प्रेमियों ने सहभागिता की।


यज्ञ और वैचारिक समागम का आयोजन
महोत्सव के पहले दिन श्रीरामबाग राम मंदिर परिसर में भव्य दीपोत्सव मनाया गया और पंडित गोपाल मिश्र ने भजनों की प्रस्तुति दी। दूसरे दिन श्री श्री 108 श्री रघुवंश भूषण आचार्य के निर्देशन में विश्व कल्याण की कामना के साथ सौर धर्म यज्ञ संपन्न हुआ।


यज्ञ के पश्चात आयोजित वैचारिक समागम में वक्ताओं ने धर्म, संस्कार और सूर्योपासना के महत्व पर प्रकाश डाला। मुख्य चर्चा के विषय में पंचांग के पांच अंगों की व्याख्या, शिक्षा, संस्कार और संगठन की आवश्यकता, चारों युगों का महत्व और सूर्योपासना का वैज्ञानिक आधार तथा संस्कारों के सिंचन में मातृशक्ति की महत्ती भूमिका रहे ।
बीकानेर की प्रतिभाओं का सम्मान
कार्यक्रम के दौरान समाज सेवा और धर्म के क्षेत्र में विशिष्ट योगदान देने वाली विभूतियों को अलंकृत किया गया।
आर के शर्मा (बीकानेर): इन्हें प्रतिष्ठित “सौर धर्म रत्न अलंकरण” से विभूषित किया गया।
श्रीराम शर्मा व गणेशमल शर्मा-शांति शर्मा: इन्हें “आदित्य प्रेरणा सम्मान” प्रदान किया गया।
कामिनी भोजक (बीकानेर): कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल रहीं।
‘श्रीसासैरधर्मपञ्चागम’ का लोकार्पण
इस अवसर पर “श्रीसासैरधर्मपञ्चागम” का विधिवत लोकार्पण किया गया। कार्यक्रम में बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, मुंबई, बीकानेर और मारवाड़ जंक्शन सहित देश भर से समाजबंधु उपस्थित रहे। अंत में संयोजक शैलेश पाठक ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया।
