असम से लेकर बंगाल चार राज्यों और एक केंद्रशासित प्रदेश में तक, जानें कब होगा मतदान; नतीजों की तारीख क्या?

विधानसभा चुनाव 2026 का बिगुल, 5 राज्यों में चुनावी शंखनाद
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quicjZaps 15 sept 2025

नई दिल्ली , 15 मार्च। देश के चार राज्यों और एक केंद्रशासित प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2026 का कार्यक्रम घोषित हो गया है। असम, केरल और पुदुचेरी में नौ अप्रैल को मतदान होगा, जबकि तमिलनाडु में 23 अप्रैल को वोट डाले जाएंगे। पश्चिम बंगाल में दो चरणों में 23 और 29 अप्रैल को मतदान कराया जाएगा। सभी राज्यों के चुनाव नतीजे चार मई को घोषित किए जाएंगे। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने बताया कि इन चुनावों में कुल 824 सीटों के लिए लगभग 17.4 करोड़ मतदाता सरकार चुनेंगे।

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असम से लेकर बंगाल तक चार राज्यों और एक केंद्रशासित प्रदेश में होने वाले विधानसभा चुनाव 2026 का कार्यक्रम चुनाव आयोग ने घोषित कर दिया है। इन चुनावों में करीब 17.4 करोड़ मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। कुल 824 विधानसभा सीटों के लिए लगभग 2.19 लाख मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जहां करीब 25 लाख मतदान अधिकारी तैनात रहेंगे। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने बताया कि आयोग ने सभी चुनावी राज्यों का दौरा कर तैयारियों की समीक्षा की है। आइए विस्तार से जानते हैं कि मतदान कब-कहां होगा और नतीजों किस दिन घोषित किए जाएंगे।
असम विधानसभा चुनाव में किस दिन होगा मतदान?
असम की 126 विधानसभा सीटों के लिए चुनाव एक ही चरण में होंगे। राज्य में नौ अप्रैल को मतदान कराया जाएगा। मतदान के बाद चार मई को मतगणना होगी। इस चुनाव में राज्य के लाखों मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे और नई सरकार चुनेंगे।

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केरल विधानसभा चुनाव की तारीख का एलान
केरल में भी विधानसभा चुनाव एक ही चरण में कराए जाएंगे। यहां नौ अप्रैल को सभी सीटों पर मतदान होगा। मतदान के बाद चार मई को मतों की गिनती होगी और इसी दिन यह तय हो जाएगा कि राज्य में किस दल की सरकार बनेगी।

तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के नतीजे कब?
तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव 23 अप्रैल को कराए जाएंगे। पूरे राज्य में एक ही दिन मतदान कराया जाएगा। वोटिंग के बाद चार मई को मतगणना होगी और उसी दिन चुनाव परिणाम घोषित किए जाएंगे।

पुदुचेरी में इस दिन होगा मतदान
केंद्रशासित प्रदेश पुदुचेरी में विधानसभा चुनाव के लिए मतदान नौ अप्रैल को कराया जाएगा। यहां एक ही चरण में वोट डाले जाएंगे। मतदान के बाद मतों की गिनती चार मई को की जाएगी। इसके बाद साफ हो जाएगा कि पुदुचेरी में अगली सरकार किसकी बनेगी।

पश्चिम बंगाल में कितने चरणों में होगा मतदान?
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव दो चरणों में होंगे। राज्य में पहला चरण 23 अप्रैल को होगा, जबकि दूसरा चरण 29 अप्रैल को कराया जाएगा। दोनों चरणों के बाद चार मई को मतों की गिनती होगी और इसी दिन चुनाव परिणाम सामने आएंगे।

किस राज्य में कितनी विधानसभा सीटें हैं?

राज्य / केंद्रशासित प्रदेश कुल विधानसभा सीटें
पश्चिम बंगाल 294 , असम 126, तमिलनाडु 234,केरल 140, पुदुचेरी 30

पांच राज्यों के चुनाव में इस बार नया क्या?

  • मतदान केंद्रों में मोबाइल जमा करने की सुविधा।
  • ईवीएम बैलेट पेपर पर उम्मीदवारों की रंगीन फोटो और बड़े फॉन्ट में नाम।
  • प्रत्येक मतदान केंद्र पर अधिकतम 1200 मतदाता।
  • मतदान केंद्र से 100 मीटर के बाहर उम्मीदवारों के बूथ की अनुमति।
  • अधिक स्पष्ट और बेहतर मतदाता सूचना पर्ची।
  • सभी प्रमुख मतदाता सेवाओं और सभी हितधारकों के लिए वन-स्टॉप डिजिटल प्लेटफॉर्म।
  • सभी मतदान केंद्रों पर 100% वेबकास्टिंग।
  • हर दो घंटे में ECINET पर मतदान प्रतिशत का डेटा सीधे अपलोड होगा।

चुनावी प्रदेशों में अनोखे पोलिंग स्टेशनों की खास बातें

असम…
मतदान दल माजुली से नाव (फेरी) और सड़क मार्ग के जरिए 50-60 किलोमीटर की कठिन यात्रा करते हैं, ब्रह्मपुत्र नदी पार करते हैं, और अंततः ट्रैक्टर द्वारा 248 मतदाताओं वाले दूरस्थ धानेखाना मतदान केंद्र तक पहुंचते हैं।

केरल…
इदुक्की जिले के एक आदिवासी क्षेत्र में स्थित बूथ नंबर 34 इडामलाकुडी, जिसमें कुल 693 मतदाता हैं, एक अनोखा दूरस्थ मतदान केंद्र है। यहां मतदान अधिकारी एक विशेष वाहन के माध्यम से ऊबड़-खाबड़ रास्तों (ऑफ-रोड) पर 30 किलोमीटर की यात्रा पूरी करने के बाद 8 किलोमीटर की पैदल यात्रा (ट्रेकिंग) करके पहुंचते हैं।

पश्चिम बंगाल...
अलीपुरद्वार जिले में, मतदान दल बक्सा टाइगर रिजर्व की पहाड़ियों से होते हुए पैदल यात्रा (ट्रेक) करके बक्सा (759 मतदाता), चूनाभट्टी (235 मतदाता) और अदमा (445 मतदाता) के मतदान केंद्रों तक पहुंचते हैं।

तमिलनाडु…
थेनी जिले की वरुसनाडु पहाड़ियों में, मतदान अधिकारी कठिन रास्तों से होकर तीन घंटे की यात्रा करके वेल्लीमलई मतदान केंद्र तक पहुंचते हैं, जो केवल पांच मतदाताओं के लिए बनाया गया है।

पुदुचेरी…
1885 में निर्मित, पुडुचेरी का वी.ओ. चिदंबरम पिल्लई स्कूल, जो कभी फ्रांसीसी प्रणाली के तहत ‘इकोल प्राइमायर डी गारकॉन्स’ हुआ करता था, को ‘मॉडल पोलिंग स्टेशन’ के रूप में नामित किया गया था। यह स्कूल क्रमशः 722 और 651 मतदाताओं वाले दो मतदान केंद्रों की मेजबानी करता है।