खूमराज पंवार परिवार ने गंगा-जानकी की स्मृति में प्याऊ बनाकर समाज को सौंपी
खुमराज पंवार परिवार द्वारा प्याऊ का लोकार्पण


- अन्न से भी श्रेष्ठ है जल सेवा
बीकानेर, 10 मार्च। सेवा और परोपकार की परंपरा को जीवंत रखते हुए बीकानेर के प्रसिद्ध खूमराज पंवार परिवार ने मोहता कुआं क्षेत्र (रामपुरिया कॉलेज के पीछे) में आमजन के लिए शीतल जल प्याऊ का निर्माण करवाकर उसे समाज को समर्पित किया है। श्री कृपाल भैरूंनाथ मंदिर ट्रस्ट के तत्वावधान में ‘गंगा-जानकी पंवार’ की पावन स्मृति में निर्मित इस प्याऊ और जीर्णोद्धार किए गए चबूतरे का विधिवत उद्घाटन योगी ओमनाथ के कर-कमलों द्वारा संपन्न हुआ। उद्घाटन अवसर पर योगी ओमनाथ ने जल की महत्ता बताते हुए कहा कि भीषण गर्मी के आगमन से पूर्व प्यासों के लिए ठंडे जल की व्यवस्था करना ईश्वरीय सेवा के समान है। उन्होंने गंगा के अवतरण और प्रकृति के संतुलन में जल की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए जीव-जंतुओं के लिए परिंडों और चुगे की व्यवस्था को भी अत्यंत पुण्यकारी बताया।


जल ही जीवन: 10 लाख की एफ.डी. से सुनिश्चित होगी निरंतरता
नगर विकास न्यास के पूर्व न्यासी एवं ट्रस्ट के संरक्षक खूमराज पंवार ने भावुक होते हुए कहा कि इंसान अन्न के बिना कुछ दिन जीवित रह सकता है, परंतु जल के बिना जीवन संभव नहीं है। पूर्वजों की भावनाओं के अनुरूप इस सेवा कार्य को केवल निर्माण तक सीमित नहीं रखा गया है, बल्कि इसकी निरंतरता बनाए रखने के लिए ट्रस्ट ने 10 लाख रुपये की एफ.डी. (FD) करवाई है।


ट्रस्ट के आगामी संकल्प
शीतल जल व्यवस्था: प्याऊ में नियमित ठंडा पानी और पक्षियों के लिए चुगा-पानी।
धार्मिक आयोजन: श्री कृपाल भैरूनाथ की पूजा, अर्चना, हवन, सत्संग, आरती और जागरण की अनवरत व्यवस्था।
भंडारा: समय-समय पर भक्तों के लिए प्रसादी और भंडारे का आयोजन।
साहित्यकारों और बुद्धिजीवियों ने सराहा सामाजिक सरोकार
कार्यक्रम में उपस्थित साहित्यकार राजेन्द्र जोशी ने ‘जल ही जीवन’ के दर्शन को समझाया, वहीं सखा संगम के अध्यक्ष एन. डी. रंगा और साहित्यकार राजाराम स्वर्णकार ने समाज में ऐसे कार्यों की आवश्यकता पर बल दिया। मुक्ति संस्था के अध्यक्ष एडवोकेट हीरालाल हर्ष ने प्याऊ और धर्मशाला निर्माण के पौराणिक एवं सांस्कृतिक महत्व पर प्रकाश डाला।
भजनों से गूंजा परिसर
इस गरिमामय अवसर पर अजयसिंह पंवार, सत्यनारायण पंवार, तेजसिंह पंवार सहित परिवार के अनेक सदस्य मौजूद रहे। कार्यक्रम का विशेष आकर्षण युवा पीढ़ी द्वारा प्रस्तुत भजन रहे। राजेश, कृष्ण, निखिल, यश और तरूण ने “गंगा-जानकी” की स्मृति में सुमधुर भजनों की प्रस्तुति दी, जिससे वातावरण भक्तिमय हो गया। पंडित नवरतन पुरोहित के सान्निध्य में विशेष पूजा-अर्चना संपन्न की गई। इस अवसर पर मोहता कुआं क्षेत्र के गणमान्य नागरिक और श्रद्धालु उपस्थित थे, जिन्होंने पंवार परिवार के इस लोकहितकारी कार्य की मुक्त कंठ से प्रशंसा की।
