जन कल्याण सेवा संस्थान के तीन दिवसीय ब्यूटी पार्लर प्रशिक्षण कार्यक्रम का हुआ समापन; बालिकाओं को बांटे सर्टिफिके


- कौशल आधारित शिक्षा आत्मनिर्भरता की पहचान: डॉ. अर्पिता गुप्ता
बीकानेर,7 July । न्यू रोशनी जन कल्याण सेवा संस्थान, बीकानेर द्वारा स्थानीय बालिकाओं और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से संचालित किया गया तीन माह का विशेष ब्यूटी पार्लर प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हो गया है. इस उपलक्ष्य में आयोजित समापन व प्रमाण-पत्र वितरण समारोह में संभाग भर की संबल पा चुकी बालिकाओं का उत्साहवर्धन किया गया.


हुनर का सदुपयोग कर अपनाएं स्वरोजगार
समारोह की मुख्य अतिथि प्रख्यात समाजसेवी डॉ. अर्पिता गुप्ता ने संबल पा चुकी बालिकाओं को संबोधित करते हुए कहा कि आज के आधुनिक युग में कौशल आधारित शिक्षा (Skill Based Education) ही किसी भी व्यक्ति और विशेषकर महिलाओं के लिए आत्मनिर्भरता की सबसे बड़ी पहचान है. उन्होंने सभी संभागियों से आह्वान किया कि वे यहाँ से सीखे हुए हुनर का पूरा सदुपयोग करें, स्वयं का स्वरोजगार स्थापित कर आत्मविश्वास के साथ जीवन में आगे बढ़ें और साथ ही समाज की अन्य वंचित महिलाओं को भी यह काम सिखाकर महिला सशक्तिकरण की एक मजबूत कड़ी बनें.
संस्थान के संस्थापक ताहिर हुसैन ने संस्था के विजन को सामने रखते हुए बताया कि न्यू रोशनी जन कल्याण सेवा संस्थान का मूल उद्देश्य ही बालिकाओं एवं महिलाओं को विभिन्न व्यावसायिक प्रशिक्षण देकर उन्हें आर्थिक और सामाजिक रूप से सशक्त बनाना है. उन्होंने विश्वास दिलाया कि भविष्य में भी संस्थान की ओर से ऐसे कई रोजगारोन्मुखी और कौशल विकास से जुड़े प्रशिक्षण कार्यक्रम निरंतर आयोजित किए जाते रहेंगे. इस तीन महीने के सफर में मुख्य प्रशिक्षिका मोहिनी खत्री एवं शालू गुजराती ने सभी प्रशिक्षार्थियों को ब्यूटी पार्लर से संबंधित आधुनिक तकनीकों, बारीकियों और व्यावहारिक काम का गहन मार्गदर्शन दिया.
सफलता के लिए अनुशासन और सकारात्मक सोच जरूरी
इस दौरान विशिष्ट वक्ता व मोटिवेशनल स्पीकर वासिद अली ने भी बालिकाओं में ऊर्जा का संचार करते हुए कहा कि जीवन में किसी भी कार्य या व्यवसाय में स्थापित होने के लिए कड़ी मेहनत के साथ-साथ अनुशासन, सकारात्मक सोच और हमेशा कुछ नया सीखते रहने की ललक का होना बेहद आवश्यक है.
गौरतलब है कि इस तीन माह के विशेष प्रशिक्षण शिविर में केवल बीकानेर शहर ही नहीं, बल्कि हनुमानगढ़, नागौर, नोखा, लूणकरणसर और नाल क्षेत्र की भी अनेक ग्रामीण व शहरी बालिकाओं ने पंजीकरण करवाकर यह हुनर सीखा. समारोह के अंत में सभी सफल प्रशिक्षार्थियों को अतिथियों द्वारा कोर्स पूर्ण करने के आधिकारिक प्रमाण-पत्र वितरित किए गए. साथ ही मुख्य अतिथि डॉ. अर्पिता गुप्ता ने सभी होनहारों को मेडल पहनाकर उनकी लगन की सराहना की और उज्ज्वल भविष्य की मंगलकामना की. कार्यक्रम के समापन पर संस्थान की वरिष्ठ सदस्य दुर्गा देवी ने सभी अतिथियों, प्रशिक्षिकाओं और सहयोगकर्ताओं का आभार व्यक्त किया.




