630 मीटर की विश्व की सबसे लंबी पगड़ी से राजवीर सिंह चलकोई का सम्मान, ‘रंगरूड़ौ राजस्थान महोत्सव’ लूणकरनसर में संपन्न
630 मीटर की विश्व की सबसे लंबी पगड़ी से राजवीर सिंह चलकोई का सम्मान


लूणकरनसर (बीकानेर), 3 अगस्त। पंडित जी फाउंडेशन फॉर कल्चरल हैरिटेज ट्रस्ट के तत्वावधान में आयोजित ‘रंगरूड़ौ राजस्थान’ का भव्य सांस्कृतिक महोत्सव रविवार को श्री हनुमान मंदिर परिसर, लूणकरनसर में हर्षोल्लास एवं गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता ईश्वरलाल पंचारिया ने की।


समारोह के मुख्य अतिथि प्रख्यात इतिहासविद राजवीर सिंह चलकोई ने राजस्थानी भाषा की संवैधानिक मान्यता की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि प्रदेश में राजस्थानी भाषा को मान्यता न मिलना और विश्वविद्यालयों में अन्य भाषाओं के अध्ययन केंद्र स्थापित करना राजस्थानियों का अपमान है। उन्होंने युवाओं से नशे जैसी बुराइयों से दूर रहकर शिक्षा, संस्कार और खेल से जुड़ने तथा अभिभावकों से बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए उनके साथ समय बिताने का आह्वान किया।


630 मीटर लंबी पगड़ी और 40 फीट लंबी मूंछें रहीं आकर्षण का केंद्र
महोत्सव का मुख्य आकर्षण 630 मीटर लंबी विश्व की सबसे बड़ी पगड़ी रही। इस ऐतिहासिक पगड़ी को धारण करवाकर इतिहासविद राजवीर सिंह चलकोई का भव्य सम्मान किया गया। इसके अतिरिक्त जगमाल सिंह भाटी की 40 फीट लंबी मूंछें दर्शकों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र बनी रहीं।
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि डॉ. हरिमोहन सारस्वत ‘रूंख’, छैलू चारण ‘छैल’, राजूराम बिजारणिया, ओंकारनाथ योगी, देवीलाल महिया, रामजी लाल घोड़ेला, भवानी पाईवाल तथा हनुमान पंचारिया ने भी विचार व्यक्त किए। इस दौरान राजूराम बिजारणिया के राजस्थानी गजल एल्बम ‘आज कबीरी चादर धर दे’ का लोकार्पण भी किया गया।
राज्यस्तरीय साफ़ा प्रतियोगिता और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां
राजस्थानी साफ़ा प्रतियोगिता में बाड़मेर, जैसलमेर, जोधपुर, बीकानेर, हनुमानगढ़ और करौली सहित विभिन्न जिलों से आए कलाकारों ने भाग लिया। महोत्सव में घूमर और भवई सहित विभिन्न लोकनृत्यों की मनमोहक प्रस्तुतियां दी गईं।
ट्रस्ट के संस्थापक स्वरूप पंचारिया ने बताया कि ‘हर घर साफ़ा–हर घर पगड़ी’ अभियान के तहत पांच दिवसीय नि:शुल्क साफ़ा प्रशिक्षण शिविर में 248 प्रतिभागियों को प्रशिक्षित किया गया।
प्रतिभाओं और विजेताओं का सम्मान
चळकोई फाउंडेशन के संस्थापक राजवीर सिंह द्वारा लखावर गांव की बेटी व राष्ट्रीय कबड्डी खिलाड़ी आईना सायच को 25,000 रुपये का नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। वहीं, साफ़ा प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान पर रहे विजेताओं को क्रमशः 5100, 3100 व 1100 रुपये की पुरस्कार राशि और प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।
संयोजक राम शर्मा और मोट्यार परिषद के हरिराम विश्नोई ने अंत में सभी का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन गोपाल जोशी ने किया।


