पीबीएम और एसएसबी अस्पताल की बदलेगी सूरत
पीबीएम और एसएसबी अस्पताल की बदलेगी सूरत


प्रशासनिक समन्वय के लिए डॉक्टरों को निर्देश, बेहतर कार्य के लिए लेखा विभाग की टीम सम्मानित


बीकानेर, 19 मई। सरदार पटेल मेडिकल कॉलेज (SPMC) के प्राचार्य एवं नियंत्रक डॉ. सुरेंद्र कुमार वर्मा की अध्यक्षता में कॉलेज काउंसिल की एक अत्यंत महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। इस उच्च स्तरीय बैठक में पीबीएम (PBM) अस्पताल, सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक (SSB) अस्पताल और मेडिकल कॉलेज से जुड़े सभी विभागाध्यक्षों, नोडल अधिकारियों तथा वरिष्ठ चिकित्सकों ने हिस्सा लिया। बैठक का मुख्य उद्देश्य संभाग के सबसे बड़े चिकित्सा केंद्र में मरीजों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना, विभिन्न विभागों के बीच समन्वय बढ़ाना और लंबे समय से लंबित पड़े प्रशासनिक व विकास कार्यों को शीघ्रता से पूर्ण करना रहा।


बैठक को संबोधित करते हुए प्राचार्य डॉ. सुरेंद्र कुमार वर्मा ने सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ काम करने की सख्त हिदायत दी। उन्होंने हाल ही में कोटा और जोधपुर में सामने आए चिकित्सा संबंधी मामलों का विशेष उल्लेख करते हुए चेतावनी दी कि बीकानेर में किसी भी स्तर पर ऐसी लापरवाही या विपरीत परिस्थितियां उत्पन्न नहीं होनी चाहिए। साइरेक्स कंपनी के कार्यों की धीमी गति पर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए उन्होंने संबंधित विभागाध्यक्षों को मॉनिटरिंग मजबूत करने के निर्देश दिए। साथ ही, यूजी (UG) और पीजी (PG) सीटों की बढ़ती संख्या के मद्देनजर आवश्यक चिकित्सा उपकरणों की मांग तुरंत लेखा शाखा को भेजने को कहा, ताकि राज्य सरकार को समय पर बजट का प्रस्ताव भेजा जा सके। टेंडर प्रक्रियाओं में होने वाले अनावश्यक छह-छह महीने के विलंब को कम करने के लिए उन्होंने कड़े निर्देश दिए और ओटी (OT) व आईसीयू (ICU) से जुड़ी आपातकालीन व्यवस्थाओं को 24*7 अलर्ट मोड पर रखने की सलाह दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि मरीजों की पर्चियों पर चिकित्सक साफ शब्दों में डायग्नोसिस लिखें, ताकि अंतर्विभागीय समन्वय में कोई बाधा न आए।
इस दौरान पीबीएम अस्पताल के अधीक्षक डॉ. बी.सी. घीया ने संपर्क पोर्टल पर दर्ज आमजन की शिकायतों का त्वरित निस्तारण करने, आरजीएचएस (RGHS) एवं मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना को पूरी संवेदनशीलता से लागू करने तथा अस्पताल में चौबीसों घंटे सफाई व सुदृढ़ सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने की बात कही। मुख्यमंत्री निःशुल्क दवा योजना के नोडल अधिकारी डॉ. शिव शंकर झंवर ने ड्रग डिस्ट्रीब्यूशन काउंटरों पर दवाओं के रख-रखाव हेतु तापमान संबंधी समस्या उठाई और नए टेंडर के माध्यम से एलटी, रेडियोग्राफर व कंप्यूटर ऑपरेटरों की कमी को दूर करने का प्रस्ताव रखा। एसएसबी के अध्यक्ष डॉ. संजीव बुरी ने बताया कि वर्तमान में चल रहे निर्माण कार्यों के कारण कुछ सामयिक समस्याएं आ रही हैं, परंतु भविष्य के दबाव को देखते हुए एसएसबी अस्पताल का विस्तार बेहद जरूरी है। अतिरिक्त प्राचार्य डॉ. रेखा आचार्य ने सरकारी स्तर पर नकारात्मक समाचारों का त्वरित और तथ्यात्मक खंडन भेजने की बात कही, तो वहीं अतिरिक्त प्राचार्य डॉ. नारंगलाल महावर ने रेजिडेंट डॉक्टरों को अपने पंजीकरण संबंधी कार्यों को व्यवस्थित रखने को कहा। वित्तीय सलाहकार पवन कस्वां ने समस्त पत्राचार एसएसओ आईडी (SSO ID) आधारित ई-फाइलिंग से करने के निर्देश दिए और बताया कि राज्य सरकार के नए नियमों के अनुसार 10 लाख रुपये से अधिक की खरीद अब चिकित्सा मंत्री की सलाह के बाद ही हो सकेगी।
बैठक में विभिन्न विभागाध्यक्षों ने अपने-अपने विभागों की व्यावहारिक समस्याएं भी रखीं। टीबी एंड चेस्ट विभाग के डॉ. राजेंद्र सोगत ने क्षतिग्रस्त लाइब्रेरी भवन की मरम्मत, सर्जरी विभागाध्यक्ष डॉ. एम.एल. दवा ने पुराने उपकरणों के अपग्रेडेशन, और हॉस्टल प्रभारी डॉ. शकील ने हॉस्टल की पुरानी विद्युत वायरिंग बदलने की मांग उठाई। गायनी विभाग की डॉ. संतोष खजोटीया ने लेबर रूम की व्यवस्था सुधारने व प्रसव योजना की ऑनलाइन एंट्री के लिए अतिरिक्त स्टाफ की आवश्यकता जताई। पैथोलॉजी विभाग के डॉ. डीपी सोनी ने अधूरे बायोप्सी फॉर्म पर चिंता व्यक्त करते हुए सभी विभागों को पूर्ण विवरण के साथ फॉर्म भेजने का आग्रह किया, जबकि एनेस्थीसिया विभाग की डॉ. कांता भाटी ने समय-समय पर दिए जा रहे सीपीआर प्रशिक्षण की जानकारी दी।
लेखा विभाग के उत्कृष्ट कार्य की सराहना
बैठक के विशेष सत्र में प्राचार्य डॉ. वर्मा और अधीक्षक डॉ. घीया ने कॉलेज के लेखा विभाग की कार्यशैली की मुक्त कंठ से सराहना की। उन्होंने बताया कि वित्तीय सलाहकार पवन कस्वां, सहायक लेखाधिकारी प्रथम चंद्रशेखर और सुनील ने दिन-रात मेहनत करके कॉलेज के ऐतिहासिक ऑडिटोरियम को पुनः सुचारू रूप से शुरू करवाने में अनुकरणीय योगदान दिया है। यह टीम मेडिकल कॉलेज के त्वरित विकास और समय पर बजट आवंटन सुनिश्चित करने के लिए अपने अनुभव का पूरा लाभ दे रही है।
बैठक में यह रहे उपस्थित
इस महत्वपूर्ण कौंसिल बैठक में अतिरिक्त प्राचार्य डॉ. नीति शर्मा, पीबीएम उप अधीक्षक डॉ. गौरीशंकर जोशी, डॉ. तरुणा स्वामी, डॉ. परमेंद्र सिरोही, डॉ. विवेक समोर, डॉ. आशीष जोशी, डॉ. जीएस तवर, डॉ. एलके कपिल, डॉ. बीएल खजोटीया, डॉ. संजय कोचर, डॉ. सुरेंद्र जीनगर, डॉ. दिनेश सोढ़ी, डॉ. जितेंद्र आचार्य, डॉ. जगदीश कुकना, डॉ. हरदेव नेहरा, डॉ. जितेंद्र फलोदिया, जिला अस्पताल अधीक्षक डॉ. सुनील हर्ष, डॉ. मनोज माली, डॉ. गौरव शर्मा, डॉ. विजय तुंदवाल, डॉ. स्वाति फलोदिया, डॉ. मुकेश बेनीवाल, डॉ. शंकरलाल जाखड़, डॉ. दीपशिखर आचार्य सहित अकाउंट ऑफिसर ललिता ननकानी, एसीपी आईटी पंकज छिम्पा, महेश आचार्य, पूर्णिमा गोयल, निजी सहायक विनय गोस्वामी, अनु छाबडा, और नर्सिंग अधीक्षक लता व संतोष तंवर सहित अनेक वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी और चिकित्सक उपस्थित रहे।


