तेरापंथ महिला मंडल ने ‘मर्यादा क्वेस्ट’ के जरिए तलाशा आचरण का मर्म; रायचंद जी ग्रुप रहा विजेता
तेरापंथ महिला मंडल ने 'मर्यादा क्वेस्ट' के जरिए तलाशा आचरण का मर्म


मदुरै, 23 जनवरी। अखिल भारतीय तेरापंथ महिला मंडल के निर्देशन में मदुरै शाखा द्वारा “मर्यादा क्वेस्ट (ग्रुप क्विज) – चलो खोजें मर्यादा का मर्म” प्रतियोगिता का सफल आयोजन किया गया। गुरुवार, 22 जनवरी को तेरापंथ भवन में आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य तेरापंथ धर्म संघ की मर्यादाओं के प्रति जागरूकता लाना और बहनों के ज्ञानवर्धन को एक रोचक मंच प्रदान करना था।


आचार्यों के नाम पर बने ग्रुप, चार राउंड में हुआ मुकाबला


कार्यक्रम की गरिमामय शुरुआत नमस्कार महामंत्र के सामूहिक उच्चारण के साथ हुई। प्रतियोगिता में तीन-तीन बहनों के तीन समूह बनाए गए, जिनका नामकरण श्रद्धा के साथ तेरापंथ के आचार्यों के नाम पर किया गया।
प्रतियोगिता को चार बौद्धिक चरणों (राउंड्स) में विभाजित किया गया था, जो प्रतिभागियों की समझ और त्वरित निर्णय क्षमता की परीक्षा ले रहे थे:
प्रथम राउंड – “मर्यादा पत्र क्विज”: इसमें सीधे सवाल पूछे गए।
द्वितीय राउंड – “मैं कौन-सी मर्यादा हूँ”: यह राउंड मर्यादाओं की पहचान पर आधारित था।
तृतीय राउंड – “मर्यादा परिस्थितियों में व्यवहारिक”: इसमें वास्तविक जीवन की परिस्थितियों में मर्यादा के पालन पर चर्चा हुई।
चतुर्थ राउंड – “मर्यादा का मनन”: इसमें रचनात्मक प्रस्तुतियों के माध्यम से विषय को समझाया गया।
अनुशासन और उत्साह का संगम; ‘रायचंद जी ग्रुप’ ने मारी बाजी
अध्यक्षा श्रीमती दीपिका फूलफगर ने मुख्य जज की भूमिका निभाई, जिसमें उन्हें अनिता चोपड़ा एवं ज्योति संकलेचा का पूर्ण सहयोग मिला। सभी प्रतिभागियों ने अत्यंत अनुशासन और खेल भावना का परिचय दिया। कड़ी प्रतिस्पर्धा के पश्चात ‘रायचंद जी ग्रुप’ प्रथम स्थान पर रहा। इस विजेता टीम में मधु पारख, सोना चोपड़ा एवं रेखा दुगड़ शामिल थीं।
समाज के लिए प्रेरणादायक आयोजन
कार्यक्रम के अंत में सभी विजेता और प्रतिभागी बहनों को प्रोत्साहित किया गया। मंडल अध्यक्षा श्रीमती दीपिका फूलफगर एवं सभा के निवर्तमान अध्यक्ष अशोक जीरावला ने जानकारी देते हुए बताया कि यह क्विज प्रतियोगिता न केवल रोचक रही, बल्कि संघ की गौरवशाली परंपराओं और मर्यादाओं को नई पीढ़ी और समाज तक पहुंचाने में मील का पत्थर साबित होगी।
