बोर्ड परीक्षा से ठीक पहले शिक्षा विभाग में बड़ा फेरबदल: 117 प्रिंसिपलों के तबादले, अधिकांश का बदला जिला


बीकानेर, 6 जनवरी। माध्यमिक शिक्षा बोर्ड अजमेर की 10वीं और 12वीं की मुख्य परीक्षाओं में जब अब केवल एक महीने का समय शेष है, राजस्थान शिक्षा विभाग ने प्रदेश के प्रशासनिक ढांचे में बड़ा बदलाव किया है। विभाग द्वारा मंगलवार को जारी दो अलग-अलग सूचियों में कुल 117 प्रिंसिपलों के तबादले किए गए हैं। परीक्षाओं के ऐन वक्त पहले हुए इन तबादलों से कई स्कूलों की व्यवस्थाओं में बदलाव तय माना जा रहा है।


सचिवालय की मंजूरी के बाद जारी हुई लिस्ट


माध्यमिक शिक्षा निदेशक सीताराम जाट द्वारा जारी यह सूचियां लंबे समय से प्रक्रियाधीन थीं। जानकारी के अनुसार, इन तबादलों का प्रस्ताव करीब एक महीने पहले ही शिक्षा निदेशालय (बीकानेर) से जयपुर सचिवालय भेज दिया गया था।
मंजूरी का क्रम: 5 जनवरी को सचिवालय से हरी झंडी मिलने के बाद मंगलवार को निदेशालय ने आदेश जारी किए।
दो सूचियां: पहली सूची में 39 और दूसरी सूची में 78 प्रिंसिपलों के नाम शामिल हैं।
जयपुर का दबदबा: तबादलों की पूरी प्रक्रिया जयपुर स्थित शिक्षा संकुल से ही संचालित हुई, बीकानेर निदेशालय की भूमिका केवल राज्य सरकार के आदेशों पर हस्ताक्षर और त्रुटि जांच तक ही सीमित रही।
50 फीसदी तबादले दूसरे जिलों में
इस बार के स्थानांतरण आदेशों में भौगोलिक बदलाव काफी ज्यादा है।
जिला परिवर्तन: करीब आधे से ज्यादा प्रिंसिपलों को एक से दूसरे जिले में भेजा गया है।
आवेदन पर तबादला: अधिकांश तबादले प्रिंसिपलों की निजी प्रार्थना (इच्छा) पर किए गए हैं, जिसके कारण उन्हें टीए (TA) और डीए (DA) का लाभ नहीं मिलेगा।
प्रशासनिक आधार: कुछ तबादले विभाग ने स्वयं किए हैं, जहाँ अधिकारियों को सत्र के बीच में ही नए कार्यभार संभालने के निर्देश दिए गए हैं।
रिटायरमेंट पोस्ट पर ‘एडवांस’ बुकिंग
विभाग ने भविष्य की रिक्तियों को देखते हुए एक नया प्रयोग किया है। जो प्रिंसिपल 31 जनवरी को सेवानिवृत्त होने वाले हैं, उनकी जगह अभी से ही नए प्रिंसिपलों के आदेश जारी कर दिए गए हैं।
प्रभावी तिथि: इन आदेशों के आगे स्पष्ट रिमार्क दिया गया है कि कार्यभार ग्रहण करने की तिथि 1 फरवरी से प्रभावी होगी। ऐसी करीब 5 से अधिक पोस्ट हैं जहाँ एडवांस में नियुक्ति दी गई है।
सिफारिश और शिकायत का असर
सत्र के बीच में हो रहे इन तबादलों के पीछे दो मुख्य कारण बताए जा रहे हैं। कुछ प्रिंसिपलों के तबादले उनके खिलाफ मिली शिकायतों के आधार पर किए गए हैं, वहीं कुछ ऐसे भी हैं जिन्होंने पिछली सूचियों के बाद ‘राजनीतिक सिफारिश’ के दम पर अपने पुराने तबादले निरस्त करवाकर नई जगह पदस्थापना पाई है। विभाग में चर्चा है कि करीब 100 और प्रिंसिपलों की एक और सूची जल्द ही आ सकती है।








