नृशंस हत्या और दुष्कर्म के मामले में गिरफ्तार आरोपी ने चौंकाने वाले खुलासे किए
नृशंस हत्या और दुष्कर्म के मामले में गिरफ्तार आरोपी ने चौंकाने वाले खुलासे किए



दिल्ली , 28 अप्रैल। दिल्ली के पॉश इलाके कैलाश हिल्स में एक वरिष्ठ IRS अधिकारी की 22 वर्षीय बेटी की नृशंस हत्या और दुष्कर्म के मामले में गिरफ्तार आरोपी राहुल मीणा ने चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। 19 वर्षीय पूर्व घरेलू कर्मचारी राहुल ने पूछताछ में दावा किया कि वह केवल पैसे मांगने गया था, लेकिन बात बिगड़ने पर उसने इस जघन्य वारदात को अंजाम दिया।


“पैसे दे देतीं तो कुछ नहीं होता” – आरोपी के बदलते बयान
पुलिस हिरासत में आरोपी राहुल मीणा लगातार बयान बदल रहा है। उसने जांच अधिकारियों से कहा, “मैं मारना नहीं चाहता था, अगर दीदी पैसे दे देतीं तो यह सब नहीं होता।” हालांकि, पुलिस उसके इन दावों को गुमराह करने वाली रणनीति मान रही है। अधिकारियों का संदेह है कि यह एक सुनियोजित अपराध (Pre-planned crime) था, क्योंकि आरोपी घर के चप्पे-चप्पे और परिवार की दिनचर्या से अच्छी तरह वाकिफ था।


नियोजित साजिश: एक्स्ट्रा चाबी से घर में प्रवेश
जांच में सामने आया है कि राहुल ने घर में घुसने के लिए एक अतिरिक्त चाबी का उपयोग किया था। वह सीधा उस कमरे में पहुँचा जहाँ युवती UPSC परीक्षा की तैयारी कर रही थी। आरोपी को पता था कि उस समय घर में कौन मौजूद होगा। पैसों को लेकर शुरू हुई बहस के बाद उसने युवती पर हमला किया। संघर्ष के दौरान पीड़िता ने विरोध भी किया, लेकिन आरोपी ने उसे काबू कर लिया।
AIIMS की रिपोर्ट: दम घुटने से हुई मौत
एम्स (AIIMS) की पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने पुष्टि की है कि पीड़िता की मौत गला घोंटने (Asphyxiation) के कारण हुई। शरीर पर चोट के निशान इस बात का प्रमाण हैं कि युवती ने आखिरी समय तक खुद को बचाने का संघर्ष किया था। पुलिस अब आरोपी का साइको-एनालिसिस कराने की तैयारी में है ताकि उसकी मानसिक क्रूरता और अपराध की गहराई को समझा जा सके।
लूट और फरार होने की कोशिश
वारदात के बाद आरोपी ने घर के लॉकर से नकदी और कीमती जेवरात लूट लिए। अपनी पहचान छिपाने के लिए उसने कपड़े बदले और दिल्ली से भागने की फिराक में था। पुलिस के अनुसार, राहुल मीणा का आपराधिक रिकॉर्ड दिल्ली के बाहर अलवर तक भी फैला हुआ है, जहाँ उसके खिलाफ अन्य गंभीर मामलों की जांच चल रही है।
इस हृदयविदारक घटना ने दिल्ली में घरेलू सहायकों के पुलिस वेरिफिकेशन और सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवालिया निशान लगा दिए हैं। पुलिस फिलहाल मामले की हर कड़ी को जोड़कर इसे फास्ट-ट्रैक कोर्ट में ले जाने की तैयारी कर रही है।


