‘मैं पार्टी छोड़ दूंगा लेकिन पीछे नहीं हटूंगा’, भाजपा के वरिष्ठ नेता व पूर्व गृहमंत्री की बड़ी चेतावनी, एसपी दफ्तर में धरने पर बैठे
भाजपा के वरिष्ठ नेता व पूर्व गृहमंत्री की बड़ी चेतावनी, एसपी दफ्तर में धरने पर बैठे


रतलाम/भोपाल, 20 मई। मध्य प्रदेश के रतलाम में बुधवार को उस समय प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में हड़कंप मच गया, जब भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कद्दावर नेता और पूर्व गृहमंत्री हिम्मत कोठारी अचानक पुलिस अधीक्षक (SP) कार्यालय के भीतर धरने पर बैठ गए। यह पूरा मामला एक ‘मीसा बंदी’ (MISA Detainee) के प्लॉट पर भू-माफियाओं द्वारा किए गए अवैध कब्जे और उस पर पुलिस द्वारा कार्रवाई न किए जाने से जुड़ा है। पूर्व गृहमंत्री के अचानक धरने पर बैठने की खबर फैलते ही पुलिस महकमे के हाथ-पांव फूल गए और आला अधिकारी तुरंत उन्हें मनाने की कवायद में जुट गए।


चार दिन बाद भी कार्रवाई न होने पर फूटा गुस्सा
जानकारी के अनुसार, पूर्व गृहमंत्री हिम्मत कोठारी ने इस अवैध कब्जे की घटना को लेकर चार दिन पहले ही रतलाम के पुलिस अधीक्षक अमित कुमार से मुलाकात की थी। उन्होंने एसपी को पूरे मामले की विस्तृत जानकारी सौंपते हुए भू-माफियाओं के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज करने और उचित कार्रवाई की मांग की थी। परंतु, जब चार दिन बीत जाने के बाद भी स्थानीय पुलिस द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया, तो बुधवार को हिम्मत कोठारी का गुस्सा फूट पड़ा और वे सीधे एसपी कार्यालय पहुंच कर जमीन पर ही धरने पर बैठ गए।


एसपी ने चेंबर में ले जाकर दिया ठोस आश्वासन, थाना प्रभारी को दी चेतावनी
पूर्व गृहमंत्री के धरने पर बैठने की सूचना मिलते ही एसपी अमित कुमार तुरंत अपने कार्यालय से बाहर आए। उन्होंने समझाइश देकर कोठारी को जमीन से उठाया और ससम्मान अपने चेंबर में ले गए। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने उन्हें निष्पक्ष व त्वरित कार्रवाई करने तथा आरोपियों के खिलाफ तत्काल मुकदमा दर्ज करने का ठोस आश्वासन दिया।
एसपी अमित कुमार ने कड़ा रुख अपनाते हुए दीनदयाल नगर थाना प्रभारी अनुराग यादव को फोन पर ही निर्देशित किया कि वे इस मामले में तुरंत एफआईआर दर्ज करें। इसके साथ ही एसपी ने चेतावनी दी कि यदि इस मामले में त्वरित कार्रवाई करने में किसी भी स्तर पर ढिलाई बरती गई, तो थाना प्रभारी को सीधे कारण बताओ (शो-कॉज) नोटिस जारी किया जाएगा। एसपी के इस कड़े रुख और आश्वासन के बाद हिम्मत कोठारी ने अपना धरना समाप्त किया।
दोषियों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो दूंगा इस्तीफा: हिम्मत कोठारी
एसपी के चेंबर से बाहर आने के बाद मीडिया से मुखातिब होते हुए पूर्व गृहमंत्री हिम्मत कोठारी ने बेहद तीखे तेवर दिखाए। उन्होंने साफ लफ्जों में प्रशासन और अपनी ही सरकार को चेतावनी देते हुए कहा, “अगर मीसा बंदियों को उनका न्याय और प्लॉट वापस नहीं दिलाया गया और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई नहीं हुई, तो मैं सीधे आमरण अनशन पर बैठूंगा।”
अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए वरिष्ठ भाजपा नेता ने बड़ी चेतावनी दी कि वे इस संबंध में जल्द ही भाजपा के शीर्ष नेतृत्व से बात करेंगे, लेकिन इसके बावजूद अगर पीड़ित को न्याय और समस्या का समाधान नहीं मिलता है, तो वे पार्टी छोड़ने (इस्तीफा देने) से भी पीछे नहीं हटेंगे और आमजन के हक के लिए सड़क पर उतरकर उग्र आंदोलन करेंगे।


