26 दिनों के योग-संस्कार महाकुंभ का कल होगा भव्य समापन
बीकानेर संभाग में ग्रामीण सेवा शिविरों का महाअभियान


- पतंजलि योग समिति के शिविरार्थी बच्चे नत्थूसर बास में दिखाएंगे अपनी प्रतिभा
बीकानेर, 27 जून । भारत स्वाभिमान, पतंजलि योग समिति एवं युवा भारत, बीकानेर के संयुक्त तत्वावधान में गत 3 जून से स्थानीय बाबा रामदेव पार्क में अनवरत संचालित हो रहा निःशुल्क योग एवं खेलकूद संस्कार शिविर अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच गया है। बच्चों और युवाओं को सेहत और सनातन संस्कारों से जोड़ने वाले इस 26 दिवसीय विशेष समर कैंप का भव्य समापन समारोह (वार्षिक उत्सव) कल रविवार, 28 जून 2026 को आयोजित किया जाएगा। यह गरिमामय समारोह सायं 6:00 बजे से हनुमान मंदिर भवन, नत्थूसर बास, बीकानेर के प्रांगण में संपन्न होगा।


शिविर संयोजक नन्दकिशोर गहलोत ने कार्यक्रम की विस्तृत रूपरेखा साझा करते हुए बताया कि स्कूली बच्चों की ग्रीष्मकालीन छुट्टियों (समर वेकेशन) का सदुपयोग करने और उनके सर्वांगीण (शारीरिक, मानसिक, बौद्धिक और सांस्कृतिक) विकास के पावन उद्देश्य से इस निःशुल्क शिविर का आयोजन प्रतिवर्ष किया जाता है। इस वर्ष भी करीब एक महीने तक चले इस शिविर में सैकड़ों बाल और युवा प्रतिभागियों ने पूरी ऊर्जा के साथ हिस्सा लिया। शिविर के दौरान बच्चों को न केवल योगिक क्रियाओं, सूक्ष्म व्यायाम और प्राणायाम का गहन अभ्यास कराया गया, बल्कि उन्हें भारतीय संस्कृति, सनातन परंपराओं, नैतिक शिक्षा, कड़े सामाजिक अनुशासन, उत्कृष्ट व्यक्तित्व विकास (पर्सनैलिटी डेवलपमेंट) और राष्ट्रभक्ति की भावना से भी ओतप्रोत किया गया।


पारंपरिक खेलों से लेकर नशा मुक्ति और पर्यावरण संरक्षण का मिला पाठ
संयोजक गहलोत ने बताया कि आधुनिक गैजेट्स और मोबाइल संस्कृति से बच्चों को दूर कर उनका जुड़ाव भारतीय पारंपरिक खेलों, चित्रकला, बौद्धिक विमर्श और विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं से कराया गया, जिससे बच्चों की छिपी हुई प्रतिभाएं निखर कर सामने आई हैं। योग और खेल के इस मंच से बच्चों को सामाजिक सरोकारों से जोड़ते हुए नशा मुक्ति का संकल्प दिलाया गया। साथ ही, स्वच्छता अभियान, वृक्षारोपण, जल और पर्यावरण संरक्षण, मानव सेवा तथा सामाजिक उत्तरदायित्व (सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी) के प्रति लगातार जागरूक कर एक स्वस्थ और संस्कारित जीवनशैली अपनाने की सीख दी गई। शिविर के दौरान नियमित रूप से आयोजित वैदिक यज्ञ-हवन, प्रार्थना और भजनों के माध्यम से नई पीढ़ी के भीतर सुदृढ़ सांस्कृतिक व आध्यात्मिक मूल्यों का बीजारोपण किया गया है।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, योग का हैरत अंगेज प्रदर्शन और प्रतिभा सम्मान कल
ग्रीष्मकालीन अवकाश की समाप्ति की पूर्व संध्या पर आयोजित होने वाले इस समापन उत्सव को लेकर बच्चों में भारी उत्साह देखा जा रहा है। कल होने वाले इस भव्य समारोह में शिविरार्थी बच्चों द्वारा मंच पर हैरतअंगेज योगिक कलाओं का सामूहिक प्रदर्शन किया जाएगा। इसके अलावा, देशभक्ति और राजस्थानी लोक संस्कृति पर आधारित रंगारंग नृत्य व भजनों की प्रस्तुतियां, प्रेरक नाटक और कई ज्ञानवर्धक कार्यक्रम आयोजित होंगे। इस दौरान शिविर की विभिन्न प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले होनहार बच्चों को ‘प्रतिभा सम्मान’ के तहत पदक, प्रमाण पत्र और पुरस्कार वितरित कर उनका हौसला बढ़ाया जाएगा।
आयोजन समिति के पदाधिकारियों और प्रबुद्ध जनों ने बीकानेर शहर के समस्त नागरिकों, अभिभावकों, प्रबुद्ध साहित्यकारों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और खेल प्रेमियों से भावभरा आग्रह किया है कि वे कल शाम हनुमान मंदिर भवन में सपरिवार उपस्थित होकर इन बच्चों का उत्साहवर्धन करें और सनातन संस्कृति, योग तथा संस्कारों के संवर्धन पर आधारित इस प्रेरणादायी उत्सव को सफल बनाएं।


