बीकानेर के हाई सिक्योरिटी ज़ोन में खूनी संघर्ष; कलेक्टरेट के पास लाठी-पत्थरों से भिड़े दो गुट, एक गंभीर घायल

बीकानेर के हाई सिक्योरिटी ज़ोन में खूनी संघर्ष
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बीकानेर, 29 दिसंबर। बीकानेर के सबसे सुरक्षित माने जाने वाले इलाके ‘पब्लिक पार्क’ में सोमवार रात उस समय सनसनी फैल गई, जब कलेक्ट्रेट और एसपी ऑफिस से महज 100 मीटर की दूरी पर खानाबदोश समुदाय के दो गुट आपस में भिड़ गए। यह हिंसक झड़प इतनी भीषण थी कि करीब आधे घंटे तक इलाके में अफरा-तफरी का माहौल रहा। हमलावरों ने न केवल एक-दूसरे पर लाठियां बरसाईं, बल्कि भारी-भरकम पत्थरों से भी हमला किया। घटना के दौरान एसपी कावेंद्र सिंह सागर का निवास स्थान भी कुछ ही दूरी पर स्थित था।

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बीच सड़क पर खूनी खेल, सिर फटने से युवक गंभीर
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विवाद की शुरुआत मामूली बात से हुई थी, लेकिन देखते ही देखते इसने उग्र रूप धारण कर लिया। दोनों पक्षों की ओर से महिलाएं और पुरुष हाथों में लाठियां लेकर सड़क पर उतर आए।

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गंभीर चोटें: मारपीट के दौरान एक युवक के सिर पर लाठी का जोरदार प्रहार हुआ, जिससे वह लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़ा। उसे तुरंत ट्रॉमा सेंटर भिजवाया गया है।

बचाव करने वालों पर हमला: जब राहगीरों और स्थानीय लोगों ने बीच-बचाव की कोशिश की, तो उपद्रवियों ने उन पर भी हमला कर दिया, जिससे सड़क पर चल रहे वाहन चालक वाहन छोड़कर भागने को मजबूर हो गए।

पुलिस की त्वरित कार्रवाई, हमलावर हिरासत में
झगड़े की सूचना मिलते ही पुलिस की पीसीआर वैन और भारी जाब्ता मौके पर पहुंचा। पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद दोनों गुटों को अलग किया और उपद्रव कर रहे सभी स्त्री-पुरुषों को हिरासत में ले लिया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि ये परिवार दिन में शहर के मुख्य चौराहों पर गुब्बारे बेचने और गाड़ियों के शीशे साफ करने का काम करते हैं। पुलिस अब इनके पुराने रिकॉर्ड और रंजिश के कारणों की तफ्तीश कर रही है।

पब्लिक पार्क में ‘अवांछित’ डेरों पर उठे सवाल
इस घटना ने जिला प्रशासन और पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।

आशियाना बना पार्क: स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रशासन द्वारा रैन बसेरों की व्यवस्था के बावजूद बड़ी संख्या में खानाबदोश लोग पब्लिक पार्क को अपना स्थायी ठिकाना बना चुके हैं।

सुरक्षा को खतरा: कलेक्ट्रेट, एसपी ऑफिस और कचहरी जैसे संवेदनशील क्षेत्रों के पास देर रात तक इन अवांछित लोगों के जमावड़े से आए दिन छोटी-मोटी वारदातों की खबरें आती रहती हैं, लेकिन सोमवार की घटना ने सुरक्षा की पोल खोल दी है।

 

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