निजी अस्पताल में मरीज की मौत के बाद परिजनों का हंगामा, डॉक्टर के साथ मारपीट, जांच की मांग
निजी अस्पताल में मरीज की मौत के बाद परिजनों का हंगामा; डॉक्टर के साथ मारपीट, जांच की मांग

- हंसेरा निवासी मृतका के परिजनों ने इलाज में लापरवाही और फाइल न देने का लगाया आरोप; मौके पर जुटी भारी भीड़
बीकानेर, 07 अक्टूबर । शहर के एक निजी अस्पताल (एपेक्स हॉस्पिटल) में बुधवार रात पित्त की थैली की पथरी के ऑपरेशन के बाद एक महिला मरीज की मौत हो जाने पर परिजनों ने जमकर हंगामा किया। आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल के चिकित्सक डॉ. तनवीर मालावत के साथ मारपीट कर दी, जिन्हें मौके पर मौजूद लोगों ने कड़ी मशक्कत के बाद बीच-बचाव कर बचाया। घटना के बाद अस्पताल परिसर में करीब 100 से 150 लोगों की भारी भीड़ एकत्र हो गई, जिससे तनावपूर्ण स्थिति बन गई।


चलकर अस्पताल आई थी मरीज, परिजनों ने लगाया लापरवाही का आरोप


प्राप्त जानकारी के अनुसार, हंसेरा निवासी रुकसाना बानो (पत्नी इकबाल उस्ता) को दो दिन पूर्व पित्त की थैली में पथरी की शिकायत के चलते अस्पताल में भर्ती कराया गया था। मृतका के भांजे मोनू उस्ता ने बताया कि रुकसाना पूरी तरह स्वस्थ होकर अपने पैरों पर चलकर अस्पताल आई थी। डॉक्टरों ने ऑपरेशन कर पथरी निकाल दी, लेकिन मंगलवार से ही उसकी हालत गंभीर बताई जा रही थी। परिजनों का आरोप है कि स्थिति बिगड़ने के बावजूद मरीज को समय रहते किसी बड़े टर्शियरी केयर अस्पताल में रेफर नहीं किया गया, जिसके चलते बुधवार रात उसकी मृत्यु हो गई।
इलाज की फाइल न देने पर बढ़ा विवाद; पांच छोटी बेटियों के सिर से उठा मां का साया
मरीज की मौत के बाद जब परिजनों ने इलाज से संबंधित मेडिकल फाइल मांगी, तो अस्पताल प्रबंधन द्वारा फाइल उपलब्ध नहीं कराई गई। परिजनों का आरोप है कि उन्हें गुमराह किया गया और फाइल में फेरबदल की आशंका जताई, जिससे माहौल और अधिक गरमा गया। परिजनों ने बताया कि मृतका अपने पीछे पांच छोटी-छोटी बेटियों को छोड़ गई है।
मामले की निष्पक्ष जांच की मांग
परिजनों ने अस्पताल प्रशासन और संबंधित चिकित्सकों पर इलाज में गंभीर लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, मरीज की मौत के वास्तविक कारणों तथा इलाज में लापरवाही के दावों की सत्यता पुलिस व प्रशासनिक जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
