11 अफसर सस्पेंड, कृषि विभाग के मंत्री किरोड़ी का चला ‘डंडा’
कृषि मंत्री किरोड़ीलाल मीणा ने की बड़ी कार्रवाई


- नकली खाद-बीज कंपनियों से मिलीभगत
- राजस्थान में नकली खाद-बीज का कारोबार कर रही कंपनियों से सांठ-गांठ करने वाले कृषि विभाग के 11 अफसरों को सस्पेंड कर दिया गया। मंत्री किरोड़ी लाल मीणा के निर्देश पर यह बड़ी कार्रवाई की गई है।
जयपुर , 13 जून। राजस्थान सरकार में कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीणा ने अपने महकमें के 11 अफसरों को सस्पेंड कर दिया। बीते दिनों मंत्री ने प्रदेश में कई जगहों पर नकली खाद-बीज बनाने वाली कंपनियों पर छापे मारे थे। जांच में सामने आया कि विभाग के अफसरों ने कुछ समय पहले ही इन कंपनियों की जांच कर उन्हें क्लीन चिट दी थी। इसके बाद आज शुक्रवार को मंत्री के निर्देश पर मामले में आरोपी पाए गए 11 अफसरों को निलंबित कर दिया गया। मंत्री के निर्देश पर हुई इस कार्रवाई से पूरे महकमें में हडकंप मच गया है। मौजूदा सरकार में इतने सारे अफसरों पर एक साथ ऐसी बड़ी कार्रवाई पहली बार हुई है। जिन अफसरों को निलंबित किया गया है उनमें से 8 पर फैक्ट्री मालिकों से मिलिभगत का आरोप है। कृषि मंत्री मीणा ने खुद उन्हें सस्पेंड करने के निर्देश जारी किए थे।


मिलीभगत पर यह अफसर निलंबित
इसके अलावा अवैध भंडारण का निरीक्षण करते समय पर मौके पर नहीं पहुंचने वाले 3 अफसरों को भी सस्पेंड किया गया। जिन अधिकारियों को सस्पेंड किया गया है उनमें बंशीधर जाट, सहायक निदेशक ज्वाला प्रताप सिंह, गोविंद सिंह, मुकेश चौधरी, कृषि अधिकारी राजवीर ओला, सौरभ गर्ग, मुकेश माली और कैलाश चंद के नाम शामिल हैं। इन अधिकारियों पर आरोप है कि किसानों को घटिया खाद-बीज सप्लाई करने वाली फैक्ट्रियां इनकें संरक्षण में चल रही थीं। इन अफसरों के पास फैक्ट्रियों के निरीक्षण की जिम्मेदारी थी। जिसे इन अफसरों ने ईमानदारी से नहीं निभाया।


समय पर नहीं पहुंचे गिरी गाज
वहीं, निरीक्षण के लिए समय पर नहीं पहुंचने वाले सहायक निदेशक लोकेंद्र सिंह, कृषि अधिकारी सुनील बरडिया और कृषि अधिकारी प्रेम सिंह को निलंबित किया गया है। जारी आदेश के अनुसार सभी निलंबित अधिकारियों का मुख्यालय जयपुर रहेगा।
