वैद्य जमनालाल स्वामी ने देहदान की पुनीत परंपरा को बढ़ाया आगे, मरणोपरांत पार्थिव देह मेडिकल कॉलेज को दान


बीकानेर, 29 नवंबर । बीकानेर के वैद्य जमनालाल स्वामी ने अपनी जीवनकालीन इच्छा को पूरा करते हुए मरणोपरांत अपनी पार्थिव देह को मेडिकल विद्यार्थियों के अध्ययन और शोध के लिए दान कर दिया। शनिवार दोपहर उनके पुत्रों एवं परिवारजनों ने भावपूर्ण तरीके से उनकी देह एसपी मेडिकल कॉलेज के एनाटॉमी विभाग को सुपुर्द की।
मृत्यु के बाद भी जीवन को नया अर्थ
इस भावपूर्ण अवसर पर मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य एवं नियंत्रक डॉ. सुरेंद्र कुमार वर्मा, एनाटॉमी विभागाध्यक्ष डॉ. राकेश मणि, अतिरिक्त प्रधानाचार्य डॉ. नवरंग लाल महावर, सहित अन्य डॉक्टर और स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे और श्रद्धासुमन अर्पित किए।



डॉ. सुरेंद्र कुमार वर्मा ने पार्थिव देह पर पुष्पांजलि अर्पित करते हुए परिजनों को सांत्वना दी। उन्होंने कहा कि “देहदान मृत्यु के बाद भी जीवन को नया अर्थ देता है। एक देह से सैकड़ों मेडिकल विद्यार्थी सीखते हैं, जिससे हजारों मरीजों का जीवन बचाया जा सकता है। मैं सभी नागरिकों से अपील करता हूँ कि देहदान का संकल्प लें और मानवता की इस महान सेवा से जुड़ें। यह सबसे पवित्र दान है।”



समाज से देहदान की अपील
एनाटॉमी विभागाध्यक्ष डॉ. राकेश मणि ने देहदान को सबसे बड़ा पुण्य बताया। उन्होंने समाज के सभी लोगों से आग्रह किया कि वे अधिक से अधिक संख्या में आगे आएं और मेडिकल शिक्षा को मजबूत बनाने में अपना अमूल्य योगदान दें। इस अवसर पर डॉ. जसकरण सिंह, डॉ. रामेश्वर व्यास, डॉ. कौशल रंगा, डॉ. हेमन्त, डॉ. भारती, डॉ. सागरिका, डॉ. रॉबिन, डॉ. सुनील, डॉ. भव्या, डॉ. न्यूमन, मनोज, रामेश्वरी, श्रीवल्लभ सहित अनेक चिकित्सक एवं स्टाफ सदस्यों ने भी स्वर्गीय जमनालाल स्वामी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।








