जल संरक्षण कार्यों में तेजी, एमजेएसए 2.1 के सभी कार्य 31 मार्च तक पूर्ण करने के निर्देश
जल संरक्षण कार्यों में तेजी, एमजेएसए 2.1 के सभी कार्य 31 मार्च तक पूर्ण करने के निर्देश



बीकानेर, 12 मार्च । जलग्रहण विकास एवं भू-संरक्षण विभाग के निदेशक श्री मोहम्मद जुनैद ने गुरुवार को बीकानेर जिला परिषद सभागार में आयोजित संभाग स्तरीय समीक्षा बैठक में कड़े निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान (MJSA) 2.1 के तहत चल रहे समस्त कार्यों को आगामी 31 मार्च 2026 तक अनिवार्य रूप से पूर्ण कर लिया जाए।


समयबद्धता और गुणवत्ता पर जोर
बैठक में प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (PMKSY 2.0) और मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान के विभिन्न चरणों की प्रगति जांची गई। निदेशक ने अधिकारियों को निम्नलिखित मुख्य निर्देश दिए:


वित्तीय प्रगति: PMKSY 2.0 के अंतर्गत संपादित कार्यों की वित्तीय प्रगति 20 मार्च 2026 तक सुनिश्चित की जाए।
MJSA 2.2: इस चरण के कार्यों को भी बिना किसी देरी के निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए गए।
आगामी योजना (MJSA 2.3): नई योजना के लिए तैयार की जा रही डीपीआर (DPR) की समीक्षा की गई और आवश्यक सुधार के सुझाव दिए गए।
मरु क्षेत्र में जल प्रबंधन की अहमियत
निदेशक मोहम्मद जुनैद ने कहा कि बीकानेर संभाग जैसे मरुस्थलीय क्षेत्रों में जल संरक्षण और भू-जल स्तर में वृद्धि अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने बताया कि इन योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन न केवल जल संसाधनों का बेहतर प्रबंधन करेगा, बल्कि ग्रामीण आजीविका को भी स्थायित्व प्रदान करेगा। कार्यों की गुणवत्ता (Quality) के साथ किसी भी प्रकार के समझौते को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
संभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति
अतिरिक्त मुख्य अभियंता भूप सिंह ने संभाग के विभिन्न जिलों (चूरू, हनुमानगढ़, श्रीगंगानगर और बीकानेर) की प्रगति रिपोर्ट पेश की। बैठक में जिला परिषद सीईओ सोहन लाल, अतिरिक्त निदेशक राजेन्द्र प्रसाद, मनोज गौड़, धर्मपाल, और अधीक्षण अभियंता महेश कुमार अजाड़ीवाल सहित कई तकनीकी अधिकारी उपस्थित रहे। सभी जिलों के अभियंताओं को आपसी समन्वय के साथ लक्ष्य प्राप्त करने के लिए निर्देशित किया गया।
