पॉलिथीन मुक्त बीकानेर की अपील, स्वच्छता का दिया संदेश, बांटे कपड़े व कागज़ के बैग
पॉलिथीन मुक्त बीकानेर की अपील, स्वच्छता का दिया संदेश, बांटे कपड़े व कागज़ के बैग


अंतरराष्ट्रीय प्लास्टिक बैग निषेध दिवस पर आरएलजी संस्थान की मुहिम, व्यापारियों व आमजन को दिलाई नो-प्लास्टिक की शपथ


बीकानेर, 2 जुलाई । अंतरराष्ट्रीय प्लास्टिक बैग निषेध दिवस के अवसर पर आरएलजी संस्थान द्वारा पर्यावरण संरक्षण एवं स्वच्छता के प्रति जनजागरूकता फैलाने के उद्देश्य से एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस दौरान संस्था के सदस्यों ने आमजन से पॉलिथीन मुक्त बीकानेर बनाने की पुरजोर अपील की. कार्यक्रम में पवनपुरी साउथ, सुदर्शना नगर और घड़सीसर क्षेत्र के निवासियों को प्लास्टिक बैग तथा एकल-उपयोग (सिंगल यूज़) प्लास्टिक से होने वाले गंभीर दुष्प्रभावों के बारे में विस्तार से जागरूक किया गया.


कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संस्थान की अध्यक्ष डॉ. अर्पिता गुप्ता ने बताया कि प्लास्टिक का अत्यधिक उपयोग आज पर्यावरण, मूक वन्यजीवों, जल स्रोतों तथा मानव स्वास्थ्य के लिए एक गंभीर खतरा बन चुका है. उन्होंने तकनीकी पहलू समझाते हुए कहा कि प्लास्टिक एक नॉन-बायोडिग्रेडेबल (प्रकृति में स्वतः नष्ट न होने वाला) उत्पाद है, जो सैकड़ों सालों तक धरती में रहकर नष्ट नहीं होता और लगातार विषैले तत्व छोड़ता है. अंतर्राष्ट्रीय प्लास्टिक बैग मुक्त दिवस एक ऐसा महत्वपूर्ण अवसर है जब हम सभी अपनी आदतों में सुधार कर प्लास्टिक प्रदूषण को कम करने के लिए एक सकारात्मक कदम उठा सकते हैं.
संस्थान की सह सचिव स्नेहा शर्मा और ज्योति खत्री ने स्थानीय नागरिकों को दैनिक जीवन में प्लास्टिक की वस्तुओं का मोह छोड़ने तथा कपड़े, जूट एवं कागज के थैलों का अधिक से अधिक उपयोग करने के लिए प्रेरित किया. वहीं नेहा कपूर व प्रवीण बानो ने उपस्थित लोगों से अपील की कि वे जब भी बाजार जाएं, अपने घर से कपड़े का थैला साथ लेकर निकलें, अनावश्यक प्लास्टिक पैकेजिंग का बहिष्कार करें और प्लास्टिक कचरे को इधर-उधर फेंकने के बजाय उसके उचित पृथक्करण (Segregation) और पुनर्चक्रण (Recycling) को बढ़ावा दें.
कार्यक्रम के समापन पर सभी उपस्थित प्रबुद्ध जनों और क्षेत्रवासियों ने भविष्य में कभी भी प्लास्टिक बैग का उपयोग न करने तथा बीकानेर को स्वच्छ, हरित और प्रदूषण-मुक्त शहर बनाने में अपना सक्रिय योगदान देने का सामूहिक संकल्प लिया. इस मुहिम के तहत संस्थान द्वारा स्थानीय व्यापारियों को विकल्प के तौर पर कपड़े और कागज के थैले भी निःशुल्क वितरित किए गए. इस पूरे सेवा कार्यक्रम को सफल बनाने में सोनू महाराज, कांता खत्री, मीनाक्षी, संतोष मोदी, डॉली और शगुन सोलंकी का विशेष सराहनीय सहयोग रहा.


