विजयनगर व राजराजेश्वरी नगर के संयुक्त तत्वावधान में नवनियुक्त युवाचार्य श्री महावीर कुमार जी का वर्धापना समारोह आयोजित
विजयनगर व राजराजेश्वरी नगर के संयुक्त तत्वावधान में नवनियुक्त युवाचार्य श्री महावीर कुमार जी का वर्धापना समारोह आयोजित


- मुनि विनीत कुमार जी व मुनि आकाश कुमार जी का मिला पावन सान्निध्य
- श्री जैन श्वेतांबर तेरापंथी सभा विजयनगर व राजराजेश्वरी नगर के संयुक्त तत्वावधान में हुआ भव्य आयोजन; संघ दर्शन यात्रा की हुई घोषणा
बेंगलुरु, 9 अगस्त । युगप्रधान आचार्य श्री महाश्रमण जी के सुशिष्य मुनि श्री विनीत कुमार जी (ठाणा-2) एवं मुनि श्री आकाश कुमार जी (ठाणा-2) के पावन सान्निध्य में तेरापंथ धर्मसंघ के नवनियुक्त युवाचार्य श्री महावीर कुमार जी का वर्धापना समारोह आयोजित किया गया। श्री जैन श्वेतांबर तेरापंथी सभा विजयनगर एवं राजराजेश्वरी नगर के संयुक्त तत्वावधान में यह भव्य आयोजन राजराजेश्वरी नगर स्थित तेरापंथ भवन में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ मुनिवृंद द्वारा नवकार महामंत्र के उच्चारण के साथ हुआ।


आचार्य श्री महाश्रमण जी के सुशिष्य थे मुनि महावीर
समारोह को संबोधित करते हुए मुनि श्री विनीत कुमार जी ने कहा कि वर्ष 2001 में गंगाशहर के मर्यादा महोत्सव के दौरान पिता सवाईसिंह एवं पुत्र महावीर की जोड़ी ने भावपूर्ण अंदाज में गीत गाकर दीक्षा की अनुनय-विनय की थी। दीक्षा उपरांत तत्कालीन आचार्य महाप्रज्ञ जी ने युवाचार्य महाश्रमण जी को मुनि महावीर को सदा अपने साथ रखने का निर्देश दिया था। मुनि श्री ने बताया कि नवनियुक्त युवाचार्य श्री एक विवेक संपन्न, श्रमशील, श्रुत आराधक एवं सुशिष्य हैं, जिनमें आचार्य तुलसी के भी कई महान गुण समाहित हैं।


निर्णय से पूर्व गुरु करते हैं सर्वांगीण परीक्षण
मुनि श्री आकाश कुमार जी ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि योग्य उत्तराधिकारी का चयन आचार्य प्रवर का मुख्य दायित्व होता है। गुरु की पारखी दृष्टि अपने शिष्यों का सर्वांगीण परीक्षण कर संघ के भावी नेतृत्व की बागडोर योग्य हाथों में सौंपती है। उन्होंने युवाचार्य श्री के साथ बिताए 11 वर्षों के अध्ययन काल के संस्मरण साझा करते हुए बताया कि वे बहुमुखी प्रतिभा, शांत स्वभाव, सकारात्मक सोच और देव-गुरु-धर्म के प्रति अटूट आस्था के धनी हैं। मुनि श्री पुनीत कुमार जी ने भी अपने शुरुआती वर्षों के संस्मरण साझा किए।
27 नवंबर को दर्शनार्थ रवाना होगा श्रद्धालुओं का संघ
राजराजेश्वरी नगर तेरापंथ सभा के अध्यक्ष कमलसिंह दुगड़ ने मुनिवृंद के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए स्वागत भाषण दिया। इस अवसर पर उन्होंने गुरु दर्शन हेतु संघ ले जाने की घोषणा की, जो 27 नवंबर को रवाना होकर 3 दिसंबर को वापस लौटेगा। यात्रा के संयोजन हेतु उपाध्यक्ष राजेश छाजेड़ को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
समारोह में ट्रस्ट अध्यक्ष राकेश छाजेड़, तेयुप अध्यक्ष सरल पटावरी, तेममं अध्यक्ष मंजु बोथरा, विजयनगर सभाध्यक्ष भंवरलाल मांडोत, तेयुप अध्यक्ष पवन बैद, तेममं अध्यक्ष महिमा पटावरी, महासभा उपाध्यक्ष प्रकाश लोढ़ा, अभातेममं सहमंत्री मधु कटारिया, रुचिका पटावरी, अणुव्रत समिति से कैलाश बोराणा, अभातेयुप से दिनेश मरोठी तथा गांधीनगर सभाध्यक्ष प्रकाश बाबेल सहित अनेक गणमान्य लोगों ने अपने विचार व्यक्त कर युवाचार्य श्री के प्रति मंगल भावनाएं प्रेषित कीं।
ज्ञानशाला के बच्चों ने दी जीवंत प्रस्तुतियां
कार्यक्रम के दौरान विजयनगर एवं राजराजेश्वरी नगर की ज्ञानशाला के बच्चों ने युवाचार्य श्री के जन्म से लेकर मुख्य मुनि पद एवं युवाचार्य पद पर नियुक्ति तक के अविस्मरणीय क्षणों का सजीव एवं सुंदर चित्रण प्रस्तुत किया। मंच का सुव्यवस्थित संचालन मुनि श्री हितेंद्र कुमार जी ने किया तथा आभार ज्ञापन राजराजेश्वरी नगर सभा के मंत्री अमित नौलखा द्वारा प्रस्तुत किया गया। मुनिश्री के मुखारविंद से मंगलपाठ के साथ समारोह का हर्षोल्लासपूर्वक समापन हुआ।


