पाली, 28 जून। “मारने वाला है भगवान और बचाने वाला भी भगवान…” यह कहावत आपने कई बार सुनी होगी, लेकिन राजस्थान के पाली शहर में एक शख्स ने इसे सच में महसूस किया। जिस सांप को उसने जीवन दिया, उसी ने उसे काट लिया। हालांकि, कहानी में एक दिलचस्प मोड़ भी था।
दरअसल, यह पूरी घटना बुधवार दोपहर की है। केशव नगर से गुजर रहे बाबूलाल नामक युवक ने देखा कि एक सांप कीचड़ में बुरी तरह फंसा हुआ है। सांप की जान बचाने और उसे किसी वाहन या पैदल राहगीर से बचाने के लिए बाबूलाल ने उसे बाहर निकाला और एक सुरक्षित जगह पर छोड़ने का प्रयास किया।
सांप को सावधानी से उठाकर साफ जगह रखने की कोशिश के दौरान, सांप ने बाबूलाल की उंगली में काट लिया। बाबूलाल को लगा कि सांप जहरीला है और उसकी जान खतरे में है। लेकिन उसने धैर्य नहीं खोया। उसने सांप को एक डिब्बे में बंद किया और तुरंत पास के सरकारी अस्पताल ले गया।
अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने जांच की और बताया कि सांप जहरीला नहीं था। हालांकि, एहतियात के तौर पर बाबूलाल को जहर रोधी इंजेक्शन और दवाएं दी गईं। उपचार के बाद बाबूलाल ने उस सांप को सुरक्षित वन क्षेत्र में छोड़ दिया।
यह घटना कुछ दिन पहले जयपुर में सामने आए एक ऐसे ही मामले की याद दिलाती है, जहां एक युवक को सांप ने काटा था और वह सांप को बैग में लेकर अस्पताल पहुंच गया था। बाबूलाल का यह किस्सा एक बार फिर दिखाता है कि जीवन और मृत्यु के बीच की डोर कितनी अनिश्चित और आश्चर्यजनक हो सकती है।