बीकानेर जिले में मौसम का यू-टर्न: छत्तरगढ़ के बाद देशनोक-नोखा बेल्ट में मूसलाधार बारिश और ओलावृष्टि
बीकानेर जिले में मौसम का यू-टर्न: छत्तरगढ़ के बाद देशनोक-नोखा बेल्ट में मूसलाधार बारिश और ओलावृष्टि


महाजन-अरजनसर में भीषण अंधड़ से छाया अंधेरा, वाहनों की लाइटें जलानी पड़ीं; आपदा प्रबंधन विभाग का ‘इमरजेंसी अलर्ट’ जारी


बीकानेर, 30 मई। भीषण गर्मी और नौतपा की मार झेल रहे बीकानेर जिले में शुक्रवार रात से शुरू हुआ मौसम के बदलाव का सिलसिला शनिवार को भी जारी रहा। जिले के विभिन्न हिस्सों में तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि ने पिछले कई दिनों से जारी लू के प्रकोप को पूरी तरह शांत कर दिया है। जहां देशनोक और नोखा क्षेत्रों में ओले गिरने से तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई, वहीं महाजन और अरजनसर बेल्ट में भीषण अंधड़ के कारण दोपहर में ही रात जैसा नजारा देखने को मिला।


महाजन में अंधड़ का तांडव: दिन में जलाना पड़ा उजाला
बीकानेर के अरजनसर और महाजन क्षेत्र में लगातार दूसरे दिन कुदरत का रौद्र रूप देखने को मिला। शनिवार को यहां इतना भीषण रेतीला अंधड़ आया कि विजिबिलिटी (दृश्यता) शून्य के करीब पहुंच गई। धूल के गुबार के कारण आसमान में गहरा अंधेरा छा गया, जिससे हाईवे पर चल रहे वाहनों को दिन में ही हेडलाइट जलानी पड़ी। अचानक हुए इस अंधेरे और शोर से मवेशी और पक्षी घबराकर इधर-उधर भागने लगे। लोगों ने सुरक्षित स्थानों पर शरण लेकर खुद को बचाया।
देशनोक-नोखा में ओलावृष्टि, शहर में रिमझिम फुहारें
जिले के देशनोक और नोखा क्षेत्र में शनिवार रात को मौसम ने विशेष मेहरबानी दिखाई। इन इलाकों में मूसलाधार बारिश के साथ जमकर ओले गिरे। देशनोक में बारिश इतनी तेज थी कि वाहन चालकों को टोल प्लाजा और छतों के नीचे रुककर अपनी जान बचानी पड़ी। वहीं बीकानेर शहर में शाम के समय बादलों की गर्जना के साथ रिमझिम बारिश का दौर चला, जिससे उमस भरी गर्मी से जूझ रहे शहरवासियों को बड़ी राहत मिली।

मोबाइल पर सायरन के साथ ‘इमरजेंसी अलर्ट’
शाम करीब सात बजे बीकानेर सहित प्रदेश के कई जिलों में लोगों के मोबाइल फोन अचानक सायरन की आवाज के साथ बजने लगे। आपदा प्रबंधन विभाग ने तकनीक के माध्यम से ‘इमरजेंसी मैसेज’ जारी किया। इस अलर्ट में चेतावनी दी गई है कि बीकानेर, चूरू, गंगानगर, हनुमानगढ़ सहित कई जिलों में अगले तीन घंटों में 90 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से विनाशकारी आंधी, भारी बारिश और ओलावृष्टि की संभावना है। इस मैसेज ने एक बारगी तो लोगों को आशंकित कर दिया, लेकिन मौसम के बिगड़े मिजाज को देखते हुए प्रशासन ने अलर्ट रहने की सलाह दी है।
भीषण गर्मी से राहत, पर नुकसान की आशंका
गौरतलब है कि बीते 24 घंटों में बीकानेर में प्रदेश की सबसे गर्म रात दर्ज की गई थी, लेकिन शनिवार के बदलाव ने पारे को नीचे ला दिया है। बारिश और ठंडी हवाओं से जनजीवन को सुकून मिला है, हालांकि कुछ ग्रामीण क्षेत्रों से तेज हवाओं के कारण छप्पर उड़ने और तैयार फसलों व पेड़-पौधों को नुकसान होने की खबरें भी आ रही हैं। मौसम विभाग का मानना है कि आगामी कुछ दिनों तक बादल छाए रहेंगे और धूलभरी हवाओं के साथ हल्की बारिश का दौर जारी रह सकता है।



