बोलेरो की टक्कर से रामदेवरा जा रहे 3 श्रद्धालुओं की मौत
बोलेरो की टक्कर से रामदेवरा जा रहे 3 श्रद्धालुओं की मौत


- मरने वालों में चाचा-भतीजे शामिल; मुआवजे की मांग को लेकर थाने पर धरना
जोधपुर ,11 सितम्बर। जोधपुर जिले के शेरगढ़ थाना क्षेत्र में रामदेवरा (जैसलमेर) पैदल यात्रा पर निकले श्रद्धालुओं के साथ भीषण सड़क हादसा हो गया। गुरुवार देर रात शेरगढ़-फलोदी मेगा हाईवे पर भूंगरा के पास एक बेकाबू बोलेरो कैंपर ने पैदल चल रहे श्रद्धालुओं को जोरदार टक्कर मार दी। इस दर्दनाक हादसे में चाचा-भतीजे समेत तीन युवकों की मौके पर ही मौत हो गई।


घर से 10 किमी दूर हुआ हादसा
पैदल यात्रा पर निकले थे श्रद्धालु: शेरगढ़ थानाधिकारी खेताराम सियोल के अनुसार, गुरुवार रात करीब 10 बजे तेना-नाथासर गांव से 5 श्रद्धालु पैदल रामदेवरा के लिए रवाना हुए थे।


बेकाबू कैंपर ने कुचला: घर से करीब 10 किलोमीटर दूर भूंगरा के पास पहुंचे ही थे कि रात लगभग 11:30 बजे अनियंत्रित बोलेरो कैंपर ने श्रद्धालुओं को चपेट में ले लिया। हादसे में तेना-नाथासर निवासी नरेश (25) पुत्र चंद्राराम, अंबाराम (29) पुत्र कुंभाराम और भानाराम (25) पुत्र अनोपाराम की मौत हो गई।
पारिवारिक रिश्ता: मृतकों में नरेश और अंबाराम आपस में चाचा-भतीजे थे, जबकि भानाराम उनका पड़ोसी था। तीनों मजदूरी कर परिवार का लालन-पालन करते थे।
50 फीट की दूरी के कारण बची 2 साथियों की जान
साथ चल रहे चश्मदीद नरपत राम ने बताया कि वे कुल 5 साथी गांव से निकले थे। वे और उदाराम अन्य तीनों से करीब 50 फीट पीछे चल रहे थे। इसी फासले के कारण दोनों सुरक्षित बच गए, जबकि आगे चल रहे तीनों साथी तेज रफ्तार बोलेरो की चपेट में आ गए।
थाने के बाहर धरना, 50-50 लाख मुआवजे की मांग
पुलिस कार्रवाई: पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बोलेरो चालक को डिटेन कर वाहन जब्त कर लिया है। एएसआई रूगाराम व स्थानीय निवासी बिशन सिंह की मदद से तीनों को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
परिजन बैठे धरने पर: शुक्रवार दोपहर परिजन और ग्रामीण शव लेने से इनकार करते हुए शेरगढ़ थाने के बाहर धरने पर बैठ गए। उन्होंने एसडीएम विक्रांत शर्मा को ज्ञापन सौंपकर प्रत्येक मृतक के आश्रितों को 50-50 लाख रुपये का मुआवजा और परिवार के एक-एक सदस्य को संविदा पर नौकरी देने की मांग की है।
