बाप रे बाप! पिता ने ही बेटे को मार डाला, इस घटना ने हर किसी को झकझोरा…जज तक इमोशनल

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जयपुर, 22 मार्च। जयपुर में संपत्ति विवाद (property dispute) के चलते बेटे की हत्या करने वाले पिता, मां और तीन भाइयों को अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अतिरिक्त सत्र न्यायालय (Additional Session Court) क्रम-6 महानगर, द्वितीय ने इस मामले में दोषियों पर 2.81 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है।

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कैसे शुरू हुआ यह पारिवारिक विवाद?
यह घटना 19 अक्टूबर 2022 की है, जब वैशाली नगर निवासी नवाब खान और उनके परिवार का संपत्ति को लेकर मृतक समीर से विवाद चल रहा था। समीर के चाचा सलीम खान ने इस मामले में पुलिस को रिपोर्ट दर्ज कराई थी।

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रिपोर्ट के मुताबिक, घटना से एक दिन पहले समीर के चाचा किसी काम से अजमेर गए थे। उसी दौरान नवाब खान और उनके परिवार ने समीर की पत्नी के साथ मारपीट की और मकान खाली करने का दबाव बनाया। उन्होंने धमकी दी कि अगर घर नहीं छोड़ा तो गंभीर अंजाम भुगतने होंगे।

हत्या की रात- जब अपनों ने ही ले ली जान
अगली सुबह, जब समीर घर पहुंचा, तो उसका पूरा परिवार पहले से ही गुस्से में था। पिता नवाब खान, मां जैतुन और तीनों भाई – अमजद, सद्दाम और असफाक ने समीर पर डंडों और छुरी से हमला कर दिया। समीर के सिर पर डंडे से वार किया गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। बीच-बचाव करने आए अन्य परिजनों पर भी हमला किया गया। गंभीर हालत में समीर को एसएमएस अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।

कोर्ट ने सुनाई उम्रकैद की सजा
घटना के बाद पुलिस ने सभी अभियुक्तों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया। सुनवाई के दौरान समीर की विधवा ने अदालत को बताया कि परिवार में आए दिन संपत्ति को लेकर झगड़े होते थे और इसी वजह से समीर की हत्या की गई।
कोर्ट ने इस निर्मम हत्या के लिए पिता, मां और तीनों भाइयों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई और भारी जुर्माना भी लगाया।

पारिवारिक विवाद बना खूनी संघर्ष
इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। लोग सोचने पर मजबूर हैं कि आखिर पैसा और संपत्ति परिवार के रिश्तों से कैसे बड़ी हो गई? इस फैसले के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि समाज में इस तरह की घटनाओं पर अंकुश लगेगा और पारिवारिक विवादों को हल करने के लिए हिंसा का सहारा लेने से बचा जाएगा।

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