कोडमदेसर मार्ग पर भीषण सड़क हादसा, तेज रफ्तार बुलेट ने पदयात्री श्रद्धालुओं को कुचला, दो की मौत, चार घायल
कोडमदेसर मार्ग पर भीषण सड़क हादसा



बीकानेर, 22 जून। बीकानेर के पीबीएम अस्पताल में भर्ती अपने परिजन के जल्द स्वस्थ होने की मन्नत लेकर कोडमदेसर भैरव मंदिर जा रहे एक ही परिवार के पदयात्रियों को रविवार देर रात एक तेज रफ्तार बुलेट मोटरसाइकिल ने बेरहमी से कुचल दिया। यह दर्दनाक हादसा रविवार रात करीब साढ़े नौ बजे मंदिर से महज डेढ़ किलोमीटर पहले ग्रांधी प्याऊ के पास अमर बकरा बाड़े के निकट घटित हुआ। टक्कर इतनी भीषण थी कि हादसे में पदयात्री परिवार के मुखिया और बुलेट चालक दोनों की जान चली गई, जबकि तीन युवतियों सहित चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें पीबीएम अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती करवाया गया है।


प्राप्त जानकारी के अनुसार, पीबीएम अस्पताल के एसएसबी (SSB) सेंटर में भर्ती श्याम सुंदर उपाध्याय के स्वास्थ्य लाभ की कामना को लेकर उनके परिवार के सदस्य पैदल कोडमदेसर भैरव मंदिर धोक लगाने जा रहे थे। पदयात्रियों में उनकी बेटियां स्वाति (29) और महक (22), पुत्र चिराग (12), फूफा घनश्याम दास (60) तथा एक अन्य रिश्तेदार सोनू (20) शामिल थे। तभी रास्ते में सामने से आ रही एक तेज रफ्तार बुलेट ने इन्हें अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में पदयात्री परिवार के मुखिया घनश्याम दास (60) की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, वहीं दूसरी ओर बुलेट सवार युवक मिहिर महात्मा (निवासी रानी बाजार) ने भी घावों के ताव न सहते हुए दम तोड़ दिया। दुर्घटना में स्वाति, महक और सोनू को गंभीर चोटें आई हैं, जबकि 12 वर्षीय चिराग को मामूली चोटें लगी हैं।


ट्रॉमा सेंटर में बढ़ा तनाव; सुरक्षा को लेकर रेजीडेंट्स ने किया कार्य बहिष्कार
इस हृदयविदारक घटना के बाद पीबीएम अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर में उस समय भारी तनाव फैल गया, जब दोनों मृतकों के परिजन वहां आमने-सामने हो गए और उनके बीच तीखी कहासुनी शुरू हो गई। इस दौरान माहौल तब और बिगड़ गया जब कथित तौर पर बाइक सवार मृतक के परिजनों द्वारा वहां मौजूद चिकित्सा स्टाफ और ड्यूटी डॉक्टरों के साथ अभद्र व्यवहार किया गया। इस दुर्व्यवहार के विरोध में और कार्यस्थल पर सुरक्षा की मांग को लेकर पीबीएम के रेजीडेंट डॉक्टरों ने तुरंत प्रभाव से कार्य बंद कर दिया, जिससे आपातकालीन सेवाएं कुछ समय के लिए ठप हो गईं।
अस्पताल में हंगामा और डॉक्टरों के कार्य बहिष्कार की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भारी पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने बिगड़ते हालात को संभालने के लिए हल्का बल प्रयोग कर हंगामा कर रहे लोगों को खदेड़ा और स्थिति को नियंत्रण में लिया। इसके बाद प्रशासनिक अधिकारियों, पीबीएम प्रशासन और रेजीडेंट डॉक्टरों के बीच एक आपात बैठक व वार्ता हुई, जिसमें सुरक्षा का पुख्ता आश्वासन मिलने के बाद चिकित्सकों ने अपना कार्य पुन: शुरू किया। किसी भी संभावित अप्रिय स्थिति और दोबारा तनाव को रोकने के लिए पीबीएम अस्पताल परिसर में देर रात तक आरएसी (RAC) का अतिरिक्त जाब्ता तैनात रखा गया। पुलिस ने दोनों शवों को मॉर्च्युरी में रखवाया है और हादसे के कारणों सहित ट्रॉमा सेंटर में हुए विवाद की गहन जांच शुरू कर दी है।


