मोती डूंगरी गणेश मंदिर में सनातन सेवा महादिवस अनुष्ठान का जयपुर में श्रीगणेश

मोती डूंगरी गणेश मंदिर में सनातन सेवा महादिवस अनुष्ठान का जयपुर में श्रीगणेश
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  • 151 मंदिरों में सुपुर्द किया गया भोग

जयपुर/बीकानेर, 22 जून । जयपुर के प्रसिद्ध श्री मोती डूंगरी गणेश मंदिर में विशेष पूजन और भोग अर्पण के साथ “सनातन सेवा महादिवस अनुष्ठान” का भव्य शुभारंभ हो गया है। भारतीय संस्कृति एवं सनातन सार्वभौम महासभा, सनातन सेवा ग्रुप तथा श्री विप्र महासभा के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस 43वें वार्षिक अनुष्ठान के तहत, आगामी निर्जला एकादशी (25 जून 2026) पर देश और प्रदेश में दिव्य व विशेष धार्मिक कार्यक्रमों सहित सनातन एवं राष्ट्रीय सेवा शपथ के विशेष अनुष्ठान आयोजित किए जाएंगे। जयपुर में अनुष्ठान के श्रीगणेश के अवसर पर सनातन के गगनभेदी जयकारों के बीच पुष्प मालाओं, आम और सेंवइयों की सजी हुई थालियां प्रथम पूज्य श्री गणेश जी महाराज के दरबार में पहुंचाई गईं।

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इस दिव्य पूजन अनुष्ठान के मुख्य साधक, भारतीय संस्कृति एवं सनातन सार्वभौम महासभा के अध्यक्ष व श्री विप्र महासभा के राष्ट्रीय संयोजक पंडित योगेन्द्र कुमार दाधीच की अगुवाई में श्याम शर्मा, नारायण शर्मा, अंकित जोशी, विष्णु शर्मा, रोनक शर्मा और गिरिराज दाधीच सहित अनेक प्रबुद्ध जनों ने सजी हुई थालियां मंदिर के पुजारीगण को सादर अर्पित कीं। गणेश जी महाराज को विशेष पुष्प मालाएं और ऋतु फल आम व सेंवइयों का भोग लगाया गया। भगवान को अर्पित इस महाप्रसाद का वितरण भगवान विष्णु के दस अवतारों की दिव्य महिमा के स्मरण के साथ दिन भर श्रद्धालुओं के बीच किया गया। जयपुर में इस महाअभियान के आगाज के साथ ही शहर के 151 प्रमुख मंदिरों में भी निर्जला एकादशी के विशेष भोग (सेंवई और आम) को वहां के पुजारीगणों को सुपुर्द कर दिया गया।

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बीकानेर के नगर सेठ लक्ष्मीनाथ मंदिर में होगा मुख्य अनुष्ठान
आयोजन समिति के अनुसार, इस महादिवस अनुष्ठान का मुख्य और केंद्रीय कार्यक्रम 25 जून 2026 को निर्जला एकादशी के पावन पर्व पर बीकानेर के नगर सेठ श्री लक्ष्मीनाथ जी मंदिर में आयोजित होगा। मुख्य अनुष्ठान के तहत ठाकुर जी का पंचामृत से भव्य अभिषेक कर विशेष वस्त्र व पुष्प शृंगार किया जाएगा। इसके बाद सेंवइयों, आम और शीतल शरबत का भोग अर्पित कर श्रद्धालुओं को दिन भर पंचामृत, तुलसी, शरबत और जल सेवा के माध्यम से राहत पहुंचाई जाएगी। इसके साथ ही जीव दया और मानव सेवा के संकल्प के तहत विभिन्न गौशालाओं में गायों के लिए चारा, गुड़ व पानी की व्यवस्था तथा रैन बसेरों में असहाय लोगों के लिए फलाहार एवं आमरस सेवा के सेवाभावी अनुष्ठान भी आयोजित किए जाएंगे।

विद्यार्थियों को मिलेगी पूजित पाटी-पोथी; संतों के सानिध्य में होगी राष्ट्र सेवा की शपथ

नगर सेठ लक्ष्मीनाथ जी मंदिर में आयोजित होने वाले इस मुख्य अनुष्ठान का एक और विशेष आकर्षण नौनिहालों और अध्ययनरत विद्यार्थियों के लिए रहेगा। दिव्य मुहूर्त के अनुसार मां सरस्वती के विशेष पूजन के बाद विद्यार्थियों को पूजित पाटी (स्लेट), पोथी, कलम, बरता और सरस्वती माता की तस्वीर आशीर्वाद स्वरूप भेंट की जाएगी। जनमानस में आपसी सामाजिक सौहार्द, दान-पुण्य और निस्वार्थ सेवा के भाव जागृत करने के उद्देश्य से प्रदेश भर के सभी जिला मुख्यालयों के मंदिरों में क्षेत्रवार प्रभारियों, पुजारियों और आयोजन समितियों की सहभागिता से यह कार्यक्रम लगातार चलाया जाएगा। इस सनातन सेवा महादिवस अनुष्ठान के दौरान विभिन्न सिद्ध संतों के पावन सानिध्य में एक विशाल ‘सनातन एवं राष्ट्रीय सेवा संकल्प शपथ अनुष्ठान’ भी होगा, जिसमें उपस्थित आमजन को राष्ट्र की एकता, अखंडता और सनातन संस्कृति की रक्षा का संकल्प दिलाया जाएगा।

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